Balodabazar Health Department Action : बलौदाबाजार (06 मार्च 2026): जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को लेकर कलेक्टर कुलदीप शर्मा ने कड़ा तेवर अपनाया है। विभागीय कार्यों की समीक्षा बैठक के दौरान, संस्थागत प्रसव (Institutional Delivery) के कमजोर आंकड़ों को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने सिमगा, पलारी और कसडोल के BMO को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि स्वास्थ्य विभाग में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
‘रेफर’ करने की प्रवृत्ति पर रोक कलेक्टर ने स्वास्थ्य अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि अस्पतालों को केवल ‘रेफर केंद्र’ न बनाया जाए। उन्होंने कहा कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) से सीधे जिला अस्पताल या राजधानी रायपुर रेफर करने की प्रवृत्ति को कम करना होगा। केवल अत्यावश्यक स्थिति में ही मरीजों को हायर सेंटर भेजा जाए। उन्होंने बीएमओ को नियमित फील्ड विजिट करने और अस्पतालों में बुनियादी सुविधाओं को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए।
बारिश से पहले सर्पदंश उपचार की तैयारी आगामी मानसून के मौसम को देखते हुए कलेक्टर ने विशेष सतर्कता बरतने को कहा है। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी स्वास्थ्य केंद्रों में एंटीवेनम (सर्पदंश की दवा) का पर्याप्त स्टॉक सुनिश्चित हो, ताकि सर्पदंश के मामलों में तत्काल इलाज मिल सके। साथ ही, उन्होंने आयुष्मान कार्ड, एनीमिया उन्मूलन, टीबी मुक्त भारत और स्कूली बच्चों के स्वास्थ्य परीक्षण जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं की प्रगति पर संतोषजनक काम नहीं होने पर नाराजगी जताई।
सकारात्मक व्यवहार और समन्वय पर जोर कलेक्टर कुलदीप शर्मा ने कहा कि अस्पतालों में मरीजों के साथ डॉक्टरों और कर्मचारियों का व्यवहार सकारात्मक होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को सलाह दी कि यदि किसी विकासखंड में कोई योजना बेहतर ढंग से काम कर रही है, तो दूसरे विकासखंड के अधिकारी उनसे समन्वय कर उस रणनीति को सीखें। सीएमएचओ डॉ. राजेश कुमार अवस्थी और सिविल सर्जन डॉ. अशोक वर्मा की उपस्थिति में हुई इस बैठक में यह तय किया गया कि अब हर महीने विभागीय समीक्षा की जाएगी ताकि कमियों को दोहराया न जा सके।






