CG NEWS : रायपुर। छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में गृह निर्माण मंडल से जुड़े एक बड़े भ्रष्टाचार मामले का खुलासा हुआ है। एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने ट्रैप कार्रवाई करते हुए छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल वृत्त अंबिकापुर के उपायुक्त (अधीक्षण अभियंता) पूनम चंद अग्रवाल और वरिष्ठ सहायक ग्रेड-02 अनिल सिन्हा को 65 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। दोनों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित 2018) की धारा 7 एवं 12 के तहत कार्रवाई की जा रही है।
CG NEWS : मामला ठेकेदार रवि कुमार की शिकायत पर सामने आया। शिकायतकर्ता ने 20 जनवरी 2026 को ACB में आवेदन देकर बताया कि उन्होंने वर्ष 2023 में दो निर्माण कार्य पूर्ण किए थे। पहला कार्य 65 लाख रुपये की लागत से नवीन तहसील भवन, दौरा कुचली (जिला बलरामपुर) का निर्माण तथा दूसरा कार्य 43.51 लाख रुपये की लागत से कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय, लुण्ड्रा में छह अतिरिक्त कक्षों का निर्माण था।
CG NEWS : निर्माण कार्य पूर्ण होने के बावजूद अंतिम समयावृद्धि, भौतिक सत्यापन और भुगतान की प्रक्रिया लंबित थी। नवीन तहसील भवन के लिए लगभग 28 लाख रुपये और विद्यालय के अतिरिक्त कक्षों के लिए करीब 7.50 लाख रुपये का भुगतान शेष था। आरोप है कि इन कार्यों की अनुशंसा और भुगतान के एवज में उपायुक्त पूनम चंद अग्रवाल ने एक लाख रुपये की रिश्वत की मांग की थी, जो बाद में 60 हजार रुपये में तय हुई।
CG NEWS : 5 फरवरी 2026 को ACB ने ट्रैप कार्रवाई की। योजना के तहत शिकायतकर्ता जब रिश्वत की रकम लेकर पहुंचा, तो उपायुक्त के निर्देश पर वरिष्ठ सहायक अनिल सिन्हा ने पहले 70 हजार रुपये की मांग की, बाद में 65 हजार रुपये लेने पर सहमति बनी। ACB ने फिनाफ्थलीन पाउडर लगे 65 हजार रुपये शिकायतकर्ता को सौंपे।
CG NEWS : कार्रवाई के दौरान वरिष्ठ सहायक ने 65 हजार रुपये लेकर 5 हजार रुपये अपने पास रखे और शेष 60 हजार रुपये उपायुक्त को उनके कार्यालय में दे दिए। संकेत मिलते ही ACB की टीम ने छापा मारकर उपायुक्त से 60 हजार रुपये और वरिष्ठ सहायक से 5 हजार रुपये बरामद कर लिए।











