भोपाल। छिंदवाड़ा में बच्चों की मौत को लेकर पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि यह दुर्घटना नहीं, बल्कि बच्चों की हत्या है। पीसी शर्मा ने आरोप लगाया कि जब पहले 6 बच्चों की मौत हुई थी, तब सरकार ने संज्ञान नहीं लिया। अगर स्वास्थ्य मंत्री तत्काल कार्रवाई करते, तो छह और बच्चे बच सकते थे।
पूर्व मंत्री ने कहा कि जांच में तीन दिन का समय लगा, जबकि तमिलनाडु सरकार पहले ही चेतावनी दे चुकी थी कि सिरप में जहर है। उन्होंने आरोपियों पर NSA के तहत कार्रवाई की मांग की और कहा कि तीन दिन की देरी सीधे-सीधे हत्या के दायरे में आती है।
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RSS के पथ संचालन पर बोलते हुए पीसी शर्मा ने कहा कि संघ वाले बाबा साहब का संविधान बदलने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि संघ का लक्ष्य अब तक पूरा नहीं हुआ और लालकिला पर तिरंगा फहराने के बावजूद नागपुर में संघ ने तिरंगा नहीं फहराया।
लाडली बहना योजना और सरकार के कर्ज लेने पर पीसी शर्मा ने कहा कि चुनाव के लिए सरकार केवल इवेंट मैनेजमेंट कर रही है। उन्होंने बताया कि बहनों के लिए लिए गए पैसे चुनाव तक बढ़ते जाएंगे और मध्य प्रदेश में सबसे ज्यादा लाडली बहनों पर अत्याचार हो रहा है। उन्होंने कहा कि बहनों को बचाने और अपराध रोकने के लिए सरकार को कर्ज लेना चाहिए और सिस्टम पूरी तरह से फेल है।
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असम से उद्योग लाने के सवाल पर पीसी शर्मा ने कहा कि उन्हें नहीं लगता कि असम के उद्योगपति मध्य प्रदेश आएंगे। उन्होंने कहा कि जब निवेशक आएंगे, तभी स्पष्ट होगा कि कितने उद्योग राज्य में स्थापित होंगे।











