[Nishaanebaz News] MP Education Department:राजू बैरागी \ रायसेन/बम्हौरी। रायसेन जिले के सिलवानी विकासखंड के बम्हौरी स्थित शासकीय कन्या उच्च माध्यमिक विद्यालय में पदस्थ एक शिक्षक पर छात्राओं से अभद्र व्यवहार करने और उनसे निजी काम कराने के गंभीर आरोप लगे हैं। मामला सामने आने के बाद छात्राओं ने अपने परिजनों को शिक्षक के कथित व्यवहार की जानकारी दी। इसके बाद परिजन स्कूल पहुंचे और प्राचार्य को शिक्षक के खिलाफ लिखित शिकायत सौंपी।
शिकायत मिलने के बाद शिक्षा विभाग के अधिकारी हरकत में आए और स्कूल पहुंचकर छात्राओं तथा स्कूल स्टाफ से पूरे मामले की जानकारी ली। प्रारंभिक जांच के बाद अधिकारियों ने शिकायत में लगाए गए आरोपों को प्रथम दृष्टया सही बताया है। इसके बाद संबंधित शिक्षक को विद्यालय से हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। वहीं, परिजनों ने मामले में पुलिस से भी कार्रवाई की मांग की है।
छात्राओं ने लगाए निजी काम कराने के आरोप
जानकारी के अनुसार, शासकीय कन्या उच्च माध्यमिक विद्यालय बम्हौरी में पदस्थ नियमित जीव विज्ञान शिक्षक कृष्ण मुरारी शर्मा के खिलाफ कक्षा 10वीं और 11वीं की छात्राओं ने शिकायत की है। छात्राओं का आरोप है कि शिक्षक पढ़ाई कराने के अलावा उनसे निजी काम भी करवाते थे।
कक्षा 10वीं की छात्राओं ने शिकायत में कथित तौर पर बताया कि उनसे जूते पहनाने, जैकेट लाने और पानी की बोतल भरने जैसे निजी काम करवाए जाते थे। छात्राओं के अनुसार, शिक्षक के इस व्यवहार से उन्हें असहज महसूस होता था।
कक्षा 11वीं की छात्राओं ने भी की शिकायत
MP Education Department: मामले में कक्षा 11वीं की छात्राओं ने भी शिक्षक के खिलाफ शिकायत की है। छात्राओं का आरोप है कि पढ़ाई के दौरान शिक्षक कई बार विषय से हटकर अशोभनीय उदाहरण देते थे और कथित तौर पर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते थे।
छात्राओं ने अधिकारियों के सामने अपनी परेशानी बताते हुए कहा कि इस तरह के व्यवहार के कारण उन्हें स्कूल में असहज और असुरक्षित महसूस होता था। शिकायत सामने आने के बाद छात्राओं के परिजनों ने मामले को गंभीरता से लेते हुए स्कूल प्रबंधन से कार्रवाई की मांग की।
प्राचार्य ने उच्च अधिकारियों को भेजा प्रतिवेदन
छात्राओं की शिकायत मिलने के बाद विद्यालय के प्राचार्य मुकेश रघुवंशी ने शिकायत के आधार पर प्रतिवेदन तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेजा। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए ब्लॉक शिक्षा अधिकारी रूपेंद्र सिंह ठाकुर और संकुल प्राचार्य सुरेंद्र बैरागी विद्यालय पहुंचे। अधिकारियों ने छात्राओं से बातचीत कर उनकी शिकायतें सुनीं। इसके अलावा स्कूल के अन्य स्टाफ से भी मामले की जानकारी ली गई।
प्रारंभिक जांच में आरोप प्रथम दृष्टया सही
MP Education Department: शिक्षा विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, प्रारंभिक जांच के दौरान छात्राओं की ओर से लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए हैं। इसके बाद संबंधित शिक्षक को विद्यालय से हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों की पूरी सच्चाई और जिम्मेदारी का अंतिम निर्धारण विस्तृत जांच तथा संबंधित प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगा। शिक्षा विभाग की आगे की कार्रवाई पर अब सभी की नजर है।
परिजनों ने पुलिस कार्रवाई की भी मांग की
शिक्षा विभाग में शिकायत के साथ ही छात्राओं के परिजनों ने पुलिस से भी कार्रवाई की मांग की है। परिजनों का कहना है कि छात्राओं की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और यदि आरोप जांच में प्रमाणित होते हैं तो संबंधित शिक्षक के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।परिजनों ने यह भी दावा किया है कि शिक्षक के व्यवहार को लेकर पूर्व में भी शिकायतें सामने आती रही हैं। हालांकि, पूर्व की इन शिकायतों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
कन्या विद्यालय में छात्राओं की सुरक्षा पर सवाल
MP Education Department: कन्या विद्यालय में इस तरह के आरोप सामने आने के बाद छात्राओं की सुरक्षा और स्कूल के वातावरण को लेकर भी सवाल खड़े हो गए हैं। अभिभावकों की मांग है कि विद्यालय में ऐसा सुरक्षित माहौल सुनिश्चित किया जाए, जहां छात्राएं बिना किसी डर या असहजता के पढ़ाई कर सकें।
फिलहाल शिक्षा विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए शिक्षक को विद्यालय से हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अब विस्तृत जांच के बाद यह स्पष्ट होगा कि मामले में आगे क्या कार्रवाई की जाती है।




