Jagannath Snana Yatra: गौरी शंकर गुप्ता/दोकड़ा (जशपुर)। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिला अंतर्गत स्थित ऐतिहासिक एवं आस्था के प्रमुख केंद्र श्री जगन्नाथ मंदिर दोकड़ा धाम में आज ज्येष्ठ पूर्णिमा (स्नान पूर्णिमा) के पावन व विधिक रूप से निर्धारित अवसर पर भगवान श्री जगन्नाथ, भ्राता श्री बलभद्र एवं जगतजननी मैया सुभद्रा का दिव्य ‘महारण स्नान महोत्सव’ अत्यंत श्रद्धा, हर्षोल्लास और भक्तिमय वातावरण में मनाया जाएगा।
सनातन परंपरा के अनुसार, आगामी रथयात्रा पर्व से पूर्व होने वाले इस महाभिषेक के दौरान भगवान का 108 पवित्र कलशों में संचित सुगंधित एवं औषधीय जल से भव्य रूप से महाभिषेक (देव स्नान) किया जाएगा। इस दुर्लभ और अलौकिक धार्मिक आयोजन के दौरान देश-विदेश और अंचल के हजारों श्रद्धालुओं को भगवान के दिव्य ‘गजानन’ (हाथी) वेश के अलौकिक व विहंगम दर्शन प्राप्त करने का सौभाग्य मिलेगा।
मंगल आरती और पहंडी विजय के साथ तड़के से शुरू होंगे विधिक धार्मिक अनुष्ठान
श्री जगन्नाथ मंदिर समिति दोकड़ा धाम के विधिक व प्रबंधकीय प्रभाग द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस महामहोत्सव की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। धार्मिक समय-सारणी के मुताबिक, कार्यक्रम का शुभारंभ तड़के (प्रातः) 1:00 बजे भव्य मंगल आरती, वैदिक मंत्रोच्चार और अखंड हरि कीर्तन के साथ विधिक रूप से किया जाएगा।
इसके पश्चात, प्रातः 1:30 बजे भगवान के विग्रहों को गर्भगृह से स्नान वेदी तक लाने की पारंपरिक ‘पहंडी विजय’ की विसर्जन प्रक्रिया शुरू होगी। तत्पश्चात, प्रातः 2:30 बजे मुख्य पुरोहितों के सानिध्य में 108 तांबे और पीतल के कलशों के पवित्र जल से महाप्रभु का देव स्नान संपन्न कराया जाएगा।
दिव्य श्रृंगार के बाद महाप्रभु धारण करेंगे गजानन वेश, बंटेगा महाप्रसाद
देव स्नान के पश्चात, प्रभु जगन्नाथ का विशेष उपचारों से विधिक व दिव्य श्रृंगार किया जाएगा। प्रातः 3:30 बजे भगवान अपने भक्तों को गजानन (गजराज) रूप में दर्शन देंगे। मान्यता है कि इस रूप के दर्शन मात्र से भक्तों के जीवन के सभी विघ्न और क्लेश समूल नष्ट हो जाते हैं।
इसके बाद, शाम (अपराह्न) 4:00 बजे विशेष संध्या आरती, छप्पन भोग समर्पण और विशाल महाप्रसाद वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा, जो देर रात तक अनवरत रूप से संचालित रहेगा।
मंदिर समिति ने की अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की विधिक अपील
ऐतिहासिक दोकड़ा धाम में आयोजित होने वाले इस वार्षिक महामहोत्सव को लेकर समूचे जशपुर जिले सहित पड़ोसी राज्यों ओड़िशा और झारखंड के सीमावर्ती क्षेत्रों में भी भारी उत्साह देखा जा रहा है। श्रद्धालुओं की भारी आमद को देखते हुए मंदिर परिसर में सुरक्षा, पार्किंग, पेयजल और सुलभ दर्शन हेतु व्यापक विधिक व प्रशासनिक इंतजाम सुनिश्चित किए गए हैं।
श्री जगन्नाथ मंदिर समिति ने क्षेत्र के समस्त सनातनी भाई-बहनों और धर्मप्राण जनता से अपील की है कि वे इस दिव्य एवं दुर्लभ धार्मिक आयोजन में सपरिवार अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर महाप्रभु श्री जगन्नाथ जी के श्रीचरणों में मत्था टेकें और जीवन के कल्याण हेतु विधिक आशीर्वाद प्राप्त करें।







