Raipur Power Crisis: रायपुर: राजधानी रायपुर में हुई बारिश ने विद्युत विभाग की तैयारियों की पोल खोलकर रख दी। बारिश शुरू होते ही शहर के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई, जिससे लोगों को अंधेरे और पानी की समस्या का सामना करना पड़ा। वहीं जगह-जगह जलभराव और बंद पड़े ट्रैफिक सिग्नलों ने शहर की यातायात व्यवस्था को भी प्रभावित कर दिया।
बारिश के दौरान कई कॉलोनियों और प्रमुख इलाकों में घंटों बिजली गुल रही। बिजली नहीं होने से पानी की मोटरें बंद हो गईं, जिससे लोगों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ा। अंधेरे के कारण घरों और सड़कों पर लोगों की परेशानी बढ़ गई।
दूसरी ओर, लगातार बारिश के कारण शहर की कई सड़कों पर पानी भर गया। निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे वाहन चालकों और राहगीरों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई स्थानों पर नालियों का पानी सड़क पर बहता नजर आया।
बिजली आपूर्ति बाधित होने के कारण शहर के कई प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल भी बंद हो गए। सिग्नल नहीं जलने से यातायात व्यवस्था चरमरा गई और कई जगह लंबा जाम लग गया। आम नागरिक घंटों सड़क पर फंसे रहे।
स्थानीय लोगों का कहना है कि हर साल बारिश के दौरान यही स्थिति बनती है। पहली ही बारिश में बिजली व्यवस्था और जलनिकासी तंत्र की खामियां उजागर हो जाती हैं। नागरिकों ने विद्युत विभाग और नगर निगम से स्थायी समाधान की मांग की है।
लोगों का आरोप है कि मानसून से पहले तैयारियों के दावे तो किए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर व्यवस्थाएं नाकाफी साबित होती हैं। राजधानी में बने हालात ने एक बार फिर प्रशासनिक तैयारियों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।








