Friday, August 21, 2026
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Chhattisgarh Electricity Crisis: स्मार्ट मीटर के खिलाफ छत्तीसगढ़ में कांग्रेस का हल्लाबोल, प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज ने दी आंदोलन की चेतावनी

रायपुर। छत्तीसगढ़ में स्मार्ट मीटर और लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती को लेकर सियासत पूरी तरह गर्मा गई है। मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस ने इन मुद्दों पर अब राज्य की भाजपा सरकार के खिलाफ एक बड़े प्रदेशव्यापी आंदोलन की तैयारी शुरू कर दी है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जब से घरों में स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं, तब से लोगों के बिजली बिलों में अप्रत्याशित बढ़ोतरी हुई है। कई उपभोक्ताओं को तो इस महीने सामान्य से तीन गुना तक अधिक बिल थमा दिया गया है, जिससे आम जनता बेहद परेशान है।

यूपी की तर्ज पर मीटर हटाने की मांग

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने दावा किया है कि ये नए स्मार्ट मीटर असल खपत से कहीं ज्यादा रीडिंग दिखा रहे हैं। इसके विपरीत, आम जनता की जेब पर इसका सीधा और भारी असर पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि जिस तरह उत्तर प्रदेश में जनहित को ध्यान में रखते हुए स्मार्ट मीटर वापस लेने का फैसला किया गया था, ठीक उसी तरह छत्तीसगढ़ में भी इन मीटरों को तुरंत हटाया जाना चाहिए। यही कारण है कि कांग्रेस अब इस मुद्दे को लेकर सीधे जनता के बीच जाने की रणनीति बना रही है।

गांव से लेकर शहरों तक होगा जन आंदोलन

कांग्रेस ने इस जनविरोधी नीति के खिलाफ अब सड़क पर उतरने का पूरा मन बना लिया है। इसके तहत पार्टी के कार्यकर्ता और नेता बहुत जल्द गांव-गांव और शहरों के मोहल्लों में जाकर लोगों से संपर्क करेंगे। इसके अलावा, बढ़े हुए बिजली बिलों के खिलाफ एक बड़ा जन आंदोलन खड़ा किया जाएगा। दीपक बैज ने साफ शब्दों में कहा कि कांग्रेस चुप बैठने वाली नहीं है और जनता के हक के लिए उग्र प्रदर्शन करने से भी पीछे नहीं हटेगी।

बिजली कटौती को लेकर सरकार पर निशाना

स्मार्ट मीटर के अलावा कांग्रेस ने राज्य में हो रही अघोषित बिजली कटौती को लेकर भी भाजपा सरकार को आड़े हाथों लिया है। दीपक बैज ने कहा कि इस भीषण गर्मी के मौसम में शहरों से लेकर ग्रामीण इलाकों तक लोग घंटों बिजली कटौती की मार झेल रहे हैं। इसके साथ ही, कई क्षेत्रों में लो वोल्टेज की समस्या बनी हुई है, जिससे घर के उपकरण भी नहीं चल पा रहे हैं। परिणामस्वरूप, रात के समय बिजली गुल होने से बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों की परेशानी कई गुना बढ़ गई है।

सरप्लस राज्य में बिजली का संकट

दीपक बैज ने पूर्ववर्ती सरकारों के कामकाज की याद दिलाते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ हमेशा से एक बिजली सरप्लस राज्य माना जाता रहा है। इसके विपरीत, वर्तमान सरकार के राज में हालात इतने बदतर हो गए हैं कि रोज कई-कई घंटे बत्ती गुल रहती है। इसके साथ ही, सरकार न तो लगातार बिजली की आपूर्ति कर पा रही है और न ही बिजली विभाग की व्यवस्था को संभाल पा रही है। अंततः, महंगी बिजली, भारी-भरकम बिल और अघोषित कटौती के इस दोहरे संकट से आम नागरिक पूरी तरह त्रस्त हो चुका है।

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