कटनी। Nishaanebaz.com-Katni Natural Disaster Leopard Dead Lightning Attack: मध्य प्रदेश के कटनी जिले में गुरुवार (10 सितंबर 2026) को कुदरत का कहर और हादसों का दोहरा मामला सामने आया है। रीठी तहसील क्षेत्र में जहां एक तेंदुए का शव मिलने से सनसनी फैल गई, वहीं बड़वारा थाना क्षेत्र के जंगल में आकाशीय बिजली गिरने से 8 बकरियों की मौके पर ही तड़पकर मौत हो गई। इस हादसे में बकरियां चरा रहा चरवाहा भी गंभीर रूप से झुलस गया है।
रीठी के देवरी गांव में मिला तेंदुए का शव, शिकार की आशंका पर जांच शुरू
पहला मामला रीठी तहसील क्षेत्र के देवरी गांव का है, जहां खेतों के पास एक तेंदुए का शव पड़ा मिला। ग्रामीणों द्वारा सूचना दिए जाने के बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। प्रथम दृष्टया कटीले तारों में फंसने से तेंदुए की मौत होने की आशंका जताई जा रही है। रीठी वन परिक्षेत्र के एसडीओ व आईएफएस अधिकारी कार्तिकेय भट्ट ने बताया कि तेंदुए का पोस्टमार्टम कराया गया है। पुलिस और वन विभाग इस बात की गंभीरता से जांच कर रहे हैं कि खेत के आसपास तार शिकार की नीयत से तो नहीं लगाए गए थे।
महुआ के पेड़ पर गिरी आकाशीय बिजली, 8 बकरियों की मौत और चरवाहा झुलसा
दूसरी ओर, बड़वारा थाना क्षेत्र अंतर्गत नन्हवारा सेझा ग्राम के जंगल में शाम के समय आकाशीय बिजली का कहर टूटा। गांव के 50 वर्षीय राजेंद्र बर्मन (पिता ईश्वर बर्मन) जंगल में अपनी बकरियां चरा रहे थे। अचानक मौसम बदला और रिमझिम बारिश शुरू हो गई, जिससे बचने के लिए राजेंद्र अपनी बकरियों को लेकर महुआ के पेड़ के नीचे खड़े हो गए। इसी दौरान तेज कड़क के साथ पेड़ पर आकाशीय बिजली गिर गई। बिजली की चपेट में आने से आठों बकरियों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जबकि राजेंद्र बर्मन बिजली के ताप व झटके से बुरी तरह झुलस गए।
घायल अस्पताल में भर्ती; ग्रामीणों ने उठाई मुआवजे की मांग
धमाके की आवाज सुनकर आसपास के खेतों में मौजूद ग्रामीण मौके पर पहुंचे और डायल 112 व पुलिस को सूचना दी। डायल 112 की टीम ने तत्काल घायल राजेंद्र बर्मन को बड़वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां उनका इलाज जारी है। बड़वारा पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा तैयार किया है। मृत सभी आठों बकरियां राजेंद्र की ही थीं, जिससे उन्हें भारी आर्थिक क्षति पहुंची है। ग्रामीणों ने स्थानीय प्रशासन से पीड़ित चरवाहे के नि:शुल्क इलाज और मृत मवेशियों का उचित मुआवजा देने की गुहार लगाई है।






