Shishukunj School Accident : इंदौर। इंदौर के कनाड़िया स्थित शिशुकुंज स्कूल में शुक्रवार दोपहर एक अप्रत्याशित हादसा हो गया। स्कूल की केमिस्ट्री लैब में चल रहे प्रैक्टिकल के दौरान केमिकल का फ्लास्क टूट गया, जिससे उसमें रखा ज्वलनशील केमिकल और एसिड के छींटे वहाँ मौजूद कुछ छात्रों पर पड़ गए। हालांकि, स्कूल प्रशासन की ओर से दावा किया गया है कि किसी भी बच्चे को गंभीर चोट नहीं आई और उन्हें तुरंत प्राथमिक उपचार दे दिया गया।
यह हादसा उस वक्त हुआ जब सातवीं कक्षा के छात्र केमिस्ट्री का प्रैक्टिकल देखने लैब में गए थे। वहां मौजूद शिक्षिका कोनिकल फ्लास्क में हाइड्रोक्लोराइड (संभवतः हाइड्रोक्लोरिक एसिड) में जिंक धातु डालकर कोई प्रयोग दिखा रही थीं। इसी दौरान, कोनिकल फ्लास्क में हल्का विस्फोट हो गया, जिसके परिणामस्वरूप फ्लास्क टूट गया और एसिड के छींटे वहाँ खड़े पाँच बच्चों और लैब असिस्टेंट के कपड़ों पर पड़े। लैब असिस्टेंट के कपड़ों पर फ्लास्क के कांच के टुकड़े भी लगे।
Shishukunj School Accident : हादसे की जानकारी मिलने के बाद भी स्कूल प्रबंधन ने पुलिस को कोई सूचना नहीं दी। पुलिस को घटना की जानकारी सोशल मीडिया से मिली, जिसके बाद कनाड़िया पुलिस स्कूल पहुँची। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, स्कूल प्रबंधन ने इसे एक छोटा सा हादसा बताया, जिसमें किसी बच्चे या शिक्षक को गंभीर चोट नहीं आई है। हालांकि, स्कूल की प्रिंसिपल ललिता सिंह ने इसे हादसा मानने से इनकार किया है।
Shishukunj School Accident : थाना प्रभारी सहर्ष यादव ने बताया कि शुरुआती जांच में पुलिस को इस घटना में किसी की दुर्भावनापूर्ण संलिप्तता नहीं दिखाई दी है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अभी तक किसी भी बच्चे के परिजन की ओर से कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। थाना प्रभारी ने कहा कि यदि इस मामले में कोई शिकायत आती है, तो पुलिस नियमानुसार आगे की कार्रवाई करेगी।
Shishukunj School Accident : स्कूल की केमिस्ट्री लैब में हुआ यह हादसा स्कूल प्रबंधन की लापरवाही को दिखाता है। यह दुर्घटना लैब के कांच के उपकरणों के रख-रखाव में लापरवाही या केमिकलों के अनुचित मिश्रण या गुणवत्ता में गड़बड़ी के कारण हुई, यह जाँच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। गनीमत रही कि यह एक बड़ा हादसा बनने से टल गया और किसी भी बच्चे को कोई गंभीर चोट नहीं आई।











