Lalu family controversy : ग्वालियर (भूपेन्द्र भदौरिया)। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय महामंत्री तरुण चुघ ने रविवार को ग्वालियर में मीडिया से बात करते हुए विपक्ष पर तीखे हमले किए। उन्होंने लालू प्रसाद यादव के परिवार में चल रहे अंदरूनी विवाद को ‘भानुमति के कुनबे’ से तुलना करते हुए कहा कि जो लुटेरा युवराज गैंग बना था, वह अब टूट रहा है। चुघ ने कहा कि विपक्षी नेताओं को अब यह समझ आ गया है कि जनता रंगदारी, धोखेबाजी, जालसाजी और माफियाइज्म की सरकार नहीं बनने देना चाहती, इसलिए यह कुनबा बिखर रहा है। उन्होंने कांग्रेस द्वारा आपातकाल लगाए जाने का उल्लेख करते हुए बीजेपी को ‘लोकतंत्र के प्रहरी’ के रूप में काम करने वाला दल बताया, जो अब चुनाव आयोग के वोटर लिस्ट शुद्धिकरण अभियान में बीएलए (बूथ लेवल एजेंट) के रूप में काम कर रहा है।
चुघ ने नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता फारूक अब्दुल्ला पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने हाल ही में हुए ‘ऑपरेशन सिंधु’ का उल्लेख करते हुए कहा कि यह भारत की सेवा और पराक्रम की गाथा है। उन्होंने कहा, “ऑपरेशन सिंधु ने निश्चित किया कि पाकिस्तान के किसी भी कोने में आतंकी छुप जाए, भारत की वीर सेना की मिसाइल उन्हें बख्शेंगी नहीं।” चुघ ने दावा किया कि बहावलपुर, कराची या लाहौर, जहाँ भी आतंक के ठिकाने थे, उन्हें नष्ट किया गया और दुर्दांत आतंकियों को जमीन में दफन कर दिया गया।
फारूक अब्दुल्ला को निशाने पर लेते हुए तरुण चुघ ने कहा, “भारत की वीर सेना की धमक पूरा विश्व सुन रहा है, और पाकिस्तान भारत की वीर सेना की धमक से काँप रहा था, घुटनों पर आ गया था।” उन्होंने अब्दुल्ला पर तंज कसते हुए कहा, “आप कृपया अपने कानों में डाली हुई पाकिस्तान और इटली की रुई निकालिए। जब आप यह निकलेंगे तो आपको भारत की वीर सेना की धमक और चमक दोनों दिखाई देगी।”
अंत में, तरुण चुघ ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के नेतृत्व वाले ‘इंडी गठबंधन’ को भी पूरी तरह से विफल करार दिया। उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा कि “इंडी गठबंधन पूर्णत: फेल हो चुका है, 95 चुनाव वह हार चुके हैं, पाँच और रह गए हैं, उनकी सेंचुरी होगी।” चुघ के इन बयानों ने ग्वालियर में आयोजित पार्टी की संगठनात्मक बैठक से पहले राजनीतिक माहौल को और गरमा दिया है।












