Raipur NDPS Court Verdict : रायपुर: राजधानी रायपुर की विशेष एनडीपीएस (NDPS) अदालत ने गांजा तस्करी के एक मामले में फैसला सुनाते हुए आरोपी सरफुद्दीन सेख को दोषी करार दिया है। विशेष न्यायाधीश श्रीमती किरण थवाईत ने 19 जनवरी 2026 को सुनाए गए अपने फैसले में आरोपी को 5 साल के सश्रम कारावास और 50 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दोषी को 6 माह की अतिरिक्त जेल काटनी होगी।
मामला 24 अगस्त 2024 का है, जब डी.डी. नगर थाना पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि इन्द्रप्रस्थ कॉलोनी फेस-2 के खाली मैदान के पास एक व्यक्ति संदिग्ध अवस्था में बैग लेकर खड़ा है और गांजा बेचने के लिए ग्राहकों की तलाश कर रहा है। पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी कर सरफुद्दीन सेख को पकड़ा। तलाशी के दौरान उसके पास मौजूद बैग से पीले टेप से लिपटे हुए दो पैकेट बरामद हुए, जिनमें कुल 7 किलो 155 ग्राम गांजा भरा हुआ था। अवैध मादक पदार्थ रखने का कोई वैध दस्तावेज न होने पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
न्यायालय में चली सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने मजबूती के साथ अपना पक्ष रखा और कुल 9 गवाहों का परीक्षण कराया। साथ ही, एफएसएल (FSL) रिपोर्ट के माध्यम से यह साबित किया कि बरामद सामग्री उच्च श्रेणी का मादक पदार्थ ‘गांजा’ ही है। हालांकि, आरोपी ने अदालत में स्वयं को निर्दोष बताते हुए पुलिस पर झूठा फंसाने का आरोप लगाया, लेकिन वह अपने बचाव में कोई भी ठोस साक्ष्य या गवाह पेश करने में नाकाम रहा।
अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के बयानों को संदेह से परे मानते हुए सरफुद्दीन को एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(b)(ii)(B) के तहत दोषी पाया। न्यायाधीश ने अपने फैसले में स्पष्ट किया कि नशे का अवैध कारोबार समाज के लिए घातक है, इसलिए आरोपी किसी भी प्रकार की रियायत का पात्र नहीं है। पुलिस की इस सफल विवेचना और न्यायालय के सख्त फैसले की शहर में चर्चा है।













