जबलपुर। गुजरात के भुज से झारखंड के लिए भेजे गए कीमती अनारों की सैकड़ों पेटियां जबलपुर के पास रहस्यमय ढंग से गायब होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। गुरु कृपा ट्रांसपोर्ट के माध्यम से बुक किए गए 1150 पेटी अनार में से केवल 345 पेटियां ही गंतव्य तक पहुँचीं, जबकि 850 पेटियों का कहीं अता-पता नहीं है। इस घटना ने न केवल ट्रांसपोर्ट सुरक्षा बल्कि स्थानीय शहपुरा पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पूरा मामला तब शुरू हुआ जब गुजरात के भुज से अनार लोड कर ट्रक झारखंड के लिए रवाना हुआ। रास्ते में जबलपुर के शहपुरा थाना क्षेत्र के पास ट्रक के दुर्घटनाग्रस्त होने की सूचना मिली। ट्रक मालिक और ट्रांसपोर्टर का दावा है कि एक्सीडेंट के बाद मौके का फायदा उठाकर गांववालों ने बड़ी तादाद में अनार की पेटियां निकाल लीं। हालांकि, गायब हुए माल की मात्रा इतनी अधिक है कि इसे महज ‘हादसे की लूट’ मानना गले नहीं उतर रहा है।
गुजरात से जबलपुर पहुँचे ट्रांसपोर्ट संचालक बलकार सिंह भट्टी ने पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से शिकायत करते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। संदेह जताया जा रहा है कि एक्सीडेंट की आड़ में कहीं माल को ठिकाने तो नहीं लगा दिया गया? शहपुरा पुलिस की भूमिका भी संदेह के घेरे में है, क्योंकि इतनी बड़ी मात्रा में माल गायब होने के दौरान स्थानीय पुलिस की मौजूदगी और कार्रवाई पर सवालिया निशान लग रहे हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) सूर्यकांत शर्मा ने जांच के आदेश दिए हैं। एएसपी ने बताया कि दुर्घटनास्थल की स्थिति और रास्ते के सभी टोल नाकों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जाएंगे ताकि यह पता चल सके कि ट्रक में लोड माल की वास्तविक स्थिति क्या थी। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या माल वास्तव में लूटा गया है या एक्सीडेंट की कहानी रचकर गबन किया गया है। 850 पेटियों की इस ‘मिस्ट्री’ ने जिले के पुलिस महकमे में हलचल तेज कर दी है।













