Indian Railways New Rules: नई दिल्ली। भारतीय रेल (Indian Railways) ने ट्रेनों और रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की सुरक्षा, प्रशासनिक अनुशासन और सुचारू संचालन को मजबूत करने के लिए एक ऐतिहासिक और बेहद कड़ा कदम उठाया है। रेलवे बोर्ड द्वारा जारी ताजा अधिसूचना के अनुसार, ट्रेनों में सफर के दौरान नियम तोड़ने वाले और अराजकता फैलाने वाले यात्रियों पर अब पहले से कहीं अधिक सख्ती बरती जाएगी। इसके लिए विभिन्न अपराधों के तहत जुर्माने की दरों में रिकॉर्ड बढ़ोतरी की गई है। नए नियमों के तहत अब बिना टिकट यात्रा करने से लेकर महिला कोच में अनधिकृत रूप से प्रवेश करने पर यात्रियों की जेब ढीली होना तय है।
जन विश्वास (संशोधन प्रावधान) अधिनियम 2026 के तहत बदला रेलवे कानून
रेलवे प्रशासन द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, ये सभी महत्वपूर्ण बदलाव ‘जन विश्वास (संशोधन प्रावधान) अधिनियम, 2026’ के तहत रेलवे एक्ट, 1989 (Railways Act, 1989) में वैधानिक संशोधन करके किए गए हैं। हालांकि, पूर्व में इन कड़े नियमों और बढ़ी हुई पेनाल्टी को आगामी 1 जुलाई 2026 से पूरे देश में लागू किया जाना तय हुआ था, लेकिन सुरक्षा और कानून व्यवस्था के मद्देनजर रेल मंत्रालय ने तत्परता दिखाते हुए इन्हें 20 जून से ही प्रभावी ढंग से लागू कर दिया है। इसके लिए देश के सभी छोटे-बड़े रेलवे स्टेशनों पर लगातार लाउडस्पीकर से अनाउंसमेंट (उद्घोषणा) कर यात्रियों को जागरूक भी किया जा रहा है।
बिना टिकट यात्रा और टिकट ट्रांसफर करने पर सीधे होगी कोर्ट में पेशी
जुर्माने की नई दरें: नए संशोधित नियमों के तहत अब ट्रेनों में बिना वैध टिकट के यात्रा करते हुए पकड़े जाने पर पुरानी पेनाल्टी (250 रुपये) के स्थान पर सीधे 500 रुपये का नगद जुर्माना देना होगा, साथ ही यात्रा की दूरी का पूरा किराया भी अलग से वसूला जाएगा। यदि कोई यात्री इस जुर्माने का भुगतान करने से आनाकानी करता है, तो उसे सीधे रेलवे मजिस्ट्रेट की कोर्ट में पेश किया जाएगा। इसके अलावा, किसी दूसरे व्यक्ति के नाम पर आरक्षित टिकट (टिकट ट्रांसफर) पर यात्रा करना अब पूरी तरह गैर-कानूनी होगा; ऐसा करने पर टिकट को तुरंत जब्त कर 500 रुपये अतिरिक्त पेनल्टी लगाई जाएगी।
महिला बोगियों में सुरक्षा सख्त; स्मोकिंग, भीख मांगने और नशा करने वालों पर सीधा एक्शन
महिला यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए रेलवे ने अब महिलाओं के लिए आरक्षित कोच, सीट या केबिन में बिना अनुमति या बिना पात्रता के प्रवेश करने पर सीधे 2500 रुपये तक का जुर्माना मुकर्रर किया है। गंभीर मामलों में ऐसे मनचलों को तुरंत ट्रेन से उतारकर जेल भेजा जाएगा। इसके साथ ही, ट्रेनों और स्टेशन परिसरों में भीख मांगने या बिना रेलवे की अनुमति के अवैध रूप से सामान बेचने (फेरी लगाने) पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है, ऐसा करने पर 2000 रुपये का जुर्माना देना होगा। ट्रेन के भीतर या टॉयलेट में स्मोकिंग (धूम्रपान) करने पर भी 2000 रुपये की पेनाल्टी तय की गई है। वहीं, शराब या अन्य नशीले पदार्थों के सेवन से सह-यात्रियों को परेशान करने वालों पर 1000 रुपये जुर्माना, जेल या अनिवार्य सामुदायिक सेवा का नया सख्त प्रावधान जोड़ा गया है।









