खैरागढ़। Khairagarh Crime News : छत्तीसगढ़ के खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में अंधविश्वास ने एक और जान ले ली। टोनही के शक में एक महिला की नृशंस हत्या कर दी गई। आरोपी कोई और नहीं, बल्कि मृतका की पड़ोसन, उसकी बेटी और भतीजा ही निकले। तीनों ने मिलकर पहले महिला को हंसिए से काटा, फिर रस्सी से गला घोंटकर हत्या कर दी।
Khairagarh Crime News : मामला खैरागढ़ थाना क्षेत्र के खैरबना गांव का है। मृतका की पहचान मोहिनी साहू (30) के रूप में हुई है। आरोपियों में सविता साहू (39), उसकी बेटी जसिका साहू (19) और भतीजा दीपेश साहू (24) शामिल हैं। पुलिस ने तीनों को हिरासत में लेकर हत्या का मामला दर्ज कर लिया है।
दोपहर की खामोशी बनी मौत की गवाह
घटना 26 जून की दोपहर की है। जब मोहिनी घर में अकेली थी, तभी तीनों आरोपी उसके घर पहुंचे। आरोप है कि सविता लंबे समय से मोहिनी पर ‘टोनही’ होने का आरोप लगाकर उसे बदनाम कर रही थी। उसी झूठे अपमान का बदला लेने के लिए उसने बेटी और भतीजे के साथ मिलकर महिला पर हमला किया। हमले के बाद तीनों फरार हो गए।
बच्चों ने देखी मां की लाश
दोपहर में स्कूल से लौटे बच्चे जब घर पहुंचे तो कई बार दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। उन्होंने आसपास के लोगों को बुलाया। जब दरवाजा खोला गया तो अंदर मोहिनी की खून से लथपथ लाश पड़ी थी।
पुलिस जांच जारी, अंधविश्वास बना जानलेवा
पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त हथियार बरामद कर लिया है और आरोपियों से पूछताछ जारी है। यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि अंधविश्वास और टोनही प्रथा जैसी कुरीतियां आज भी ग्रामीण समाज में गहराई तक जड़ें जमाए हुए हैं और महिलाओं के खिलाफ हिंसा का बड़ा कारण बन रही हैं।









