Indore Record: इंदौर। स्वच्छता में देशभर में अपनी अलग पहचान बना चुके इंदौर ने अब सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में भी एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। इंदौर पुलिस कमिश्नरेट द्वारा चलाए जा रहे ‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’ अभियान के तहत शहर में 8,534 लोगों ने एक साथ विशाल मानव श्रृंखला बनाकर नशामुक्त समाज का संदेश दिया। इस ऐतिहासिक आयोजन के साथ इंदौर ने न केवल अपना पुराना रिकॉर्ड तोड़ा, बल्कि दो अलग-अलग वर्ल्ड रिकॉर्ड के लिए भी दावा प्रस्तुत किया।
8,534 लोगों ने मिलकर दिया नशे के खिलाफ एकजुटता का संदेश
कार्यक्रम में विद्यार्थियों, खिलाड़ियों, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों, पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों और बड़ी संख्या में आम नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी ने हाथों में हाथ डालकर विशाल मानव श्रृंखला बनाई और समाज को नशे के खिलाफ एकजुट होने का संदेश दिया।यह आयोजन केवल रिकॉर्ड बनाने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि युवाओं और आमजन को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराते हुए सामाजिक जिम्मेदारी का भी संदेश दिया गया।
7,100 लोगों का पुराना रिकॉर्ड टूटा
Indore Record: इंदौर पुलिस ने इस आयोजन के माध्यम से 7,100 लोगों की मानव श्रृंखला का अपना ही पूर्व रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया। इस बार 8,534 प्रतिभागियों की मौजूदगी ने अभियान को नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया। आयोजन के बाद इसे वर्ल्ड रिकॉर्ड के लिए आधिकारिक रूप से प्रस्तुत किया गया।
पुलिस कमिश्नर ने दिलाई नशामुक्त भारत की शपथ
Indore Record: कार्यक्रम के दौरान पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह ने उपस्थित हजारों लोगों को संबोधित करते हुए नशे के दुष्परिणामों पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नशा केवल व्यक्ति को ही नहीं, बल्कि पूरे परिवार और समाज को प्रभावित करता है।इसके बाद सभी प्रतिभागियों को नशामुक्त समाज के निर्माण का संकल्प दिलाया गया और शपथ ग्रहण कराई गई कि वे स्वयं नशे से दूर रहेंगे तथा दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करेंगे।
एक ही कार्यक्रम में दो वर्ल्ड रिकॉर्ड का दावा
इस आयोजन की सबसे खास बात यह रही कि इंदौर पुलिस ने एक ही कार्यक्रम में दो अलग-अलग वर्ल्ड रिकॉर्ड के लिए दावा पेश किया। पहला दावा सबसे बड़ी मानव श्रृंखला और दूसरा सामूहिक जनजागरूकता अभियान के आधार पर किया गया है।
‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’ अभियान को मिला जनसमर्थन
Indore Record: इंदौर पुलिस के अनुसार, ‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’ अभियान का उद्देश्य युवाओं को नशे की लत से बचाना, समाज में जागरूकता बढ़ाना और जनभागीदारी के माध्यम से नशामुक्त वातावरण तैयार करना है।पुलिस का मानना है कि जब समाज, प्रशासन, शिक्षण संस्थान और युवा एक साथ किसी सामाजिक बुराई के खिलाफ खड़े होते हैं, तब सकारात्मक बदलाव की मजबूत शुरुआत होती है। यही संदेश इस ऐतिहासिक आयोजन के माध्यम से पूरे प्रदेश और देश तक पहुंचाने का प्रयास किया गया।







