इंदौर : इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में उल्टी-दस्त की बीमारी से हालात लगातार गंभीर होते जा रहे हैं। बुधवार देर रात एक और मरीज की मौत का दावा सामने आने के बाद क्षेत्र में दहशत और आक्रोश दोनों देखने को मिला। स्थानीय लोगों के मुताबिक, इस ताजा घटना के बाद इलाके में मृतकों की संख्या 29 तक पहुंचने की आशंका जताई जा रही है।
62 वर्षीय व्यक्ति की बिगड़ी तबीयत, इलाज के बावजूद मौत
जानकारी के अनुसार, भागीरथपुरा निवासी 62 वर्षीय खूबचंद बंधोनियां की मंगलवार रात अचानक तबीयत बिगड़ गई। परिजनों का कहना है कि उल्टी-दस्त की शिकायत के बाद उन्हें दो बार स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां प्राथमिक इलाज किया गया। हालांकि, परिजनों का आरोप है कि इलाज के बाद भी उनकी हालत पर कोई गंभीर निगरानी नहीं रखी गई, जिसके चलते उनकी जान नहीं बच सकी।
शव रखकर किया विरोध प्रदर्शन
मौत से आक्रोशित परिजन मृतक का शव लेकर भागीरथपुरा चौकी पहुंचे और चौकी के सामने शव रखकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने शासन और प्रशासन पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए। उनका कहना था कि यदि समय पर बेहतर इलाज और प्रशासनिक निगरानी होती, तो जान बचाई जा सकती थी।
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भाजपा पार्षद के खिलाफ नारेबाजी
प्रदर्शन के दौरान गुस्साए परिजनों और स्थानीय लोगों ने क्षेत्रीय भाजपा पार्षद कमल वाघेला के खिलाफ भी नारेबाजी की। लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में लगातार मौतों के बावजूद जनप्रतिनिधि और प्रशासन हालात को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं।
मौके पर पहुंची पुलिस, हालात नियंत्रित
स्थिति बिगड़ने की सूचना मिलते ही मौके पर पुलिस बल पहुंचा और प्रदर्शनकारियों को शांत कराने की कोशिश की गई। फिलहाल इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है, हालांकि पुलिस हालात पर नजर बनाए हुए है।
कांग्रेस नेता ने दी सांत्वना
प्रदर्शन की जानकारी मिलने पर शहर कांग्रेस अध्यक्ष सिंटू चौकसे भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने मृतक के परिजनों से बातचीत कर उन्हें सांत्वना दी और मामले की निष्पक्ष जांच व पीड़ित परिवार को उचित सहायता दिलाने की मांग की।
प्रशासन पर उठ रहे सवाल
लगातार हो रही मौतों ने स्वास्थ्य विभाग और नगर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों की मांग है कि प्रभावित इलाके में तत्काल मेडिकल कैंप, शुद्ध पेयजल की व्यवस्था और बीमारी के कारणों की गहन जांच की जाए, ताकि हालात और न बिगड़ें।









