Chhattisgarh Assembly : रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले दिन आज ‘विजन 2047’ पर विशेष चर्चा की जा रही है। इस चर्चा में भाग लेते हुए राज्य के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि ‘विजन 2047’ छत्तीसगढ़ को विकसित बनाने वाला एक दूरदर्शी दस्तावेज है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह विजन किसी एक व्यक्ति का विचार नहीं, बल्कि राज्य के एक लाख लोगों की सलाह और सुझावों को शामिल करके तैयार किया गया है।
Chhattisgarh Assembly : विपक्ष पर साधा निशाना
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि यह विजन छत्तीसगढ़ के लिए आगे बढ़ने का लक्ष्य निर्धारित करता है और किसी भी क्षेत्र में प्रगति के लिए एक स्पष्ट विजन का होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष विजन 2047 पर सवाल उठाने का काम करता है, जो गलत है। उन्होंने देश की अर्थव्यवस्था का उल्लेख करते हुए कहा कि आज भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है और 2047 तक 64 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने का लक्ष्य है, जिसका लाभ आज की युवा पीढ़ी को मिलेगा।
Chhattisgarh Assembly : विजन का उद्देश्य: गरीबी, बेरोजगारी और शिशु मृत्यु दर दूर करना
वित्त मंत्री ने छत्तीसगढ़ के लिए तैयार किए गए इस विजन की मुख्य प्राथमिकताओं को रेखांकित किया। उन्होंने बताया कि ‘विजन 2047’ का मुख्य उद्देश्य राज्य से महंगाई, गरीबी और बेरोजगारी को दूर करना है। साथ ही, यह विजन शिशु मृत्यु दर (IMR) जैसी सामाजिक चुनौतियों को समाप्त करने पर केंद्रित है। उन्होंने कहा कि यह विजन कृषि, उद्योग और सेवा क्षेत्र में विकास दर को बढ़ाने वाला है।
Chhattisgarh Assembly : रोजगार सृजन और राष्ट्रीय संस्थानों की स्थापना
ओपी चौधरी ने विजन 2047 के तहत राज्य के विकास की रूपरेखा बताते हुए कहा कि इस विजन में राष्ट्रीय स्तर के संस्थानों को छत्तीसगढ़ में स्थापित करने की योजना शामिल है। उन्होंने यह भी जोड़ा कि सरकार ने रोजगार सृजन पर आधारित एक नई नीति तैयार की है, जो युवाओं के लिए विकास के बड़े अवसर पैदा करेगी। वित्त मंत्री ने कहा कि यह विजन छत्तीसगढ़ को भारत के समग्र विकास में एक महत्वपूर्ण भागीदार बनाएगा।











