Speaker’s post : स्पीकर पद पर बीजेपी–जेडीयू की टकराहट तेज, NDA में पावर बैलेंस का टेस्ट

VIKASH KHALKHO

Speaker’s post : पटना। बिहार में नई सरकार के गठन और मंत्रिमंडल विस्तार के बाद अब विधानसभा अध्यक्ष के चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। पिछले कार्यकाल की तरह इस बार भी बीजेपी स्पीकर पद पर अपनी दावेदारी ठोंक रही है, जबकि जेडीयू इस पद को अपने खाते में लेने के लिए बार्गेनिंग में जुट गई है। विधान परिषद में पहले से ही बीजेपी का स्पीकर होने के कारण जेडीयू संतुलन साधने की कोशिश कर रही है।

नीतीश कुमार ने मंगलवार को कैबिनेट की पहली बैठक बुलाई है। उम्मीद है कि इस बैठक में विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने की सिफारिश पर मुहर लगेगी, जिसके जरिए 243 नव-निर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाने और स्पीकर चुनाव की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।बिहार में स्पीकर पद को लेकर बीजेपी-जेडीयू में खींचतान तेज, दिल्ली दरबार में  सुलझेगा मुद्दा

बीजेपी की दावेदारी मज़बूत
इस बार बीजेपी कैबिनेट में सबसे बड़ी पार्टी की भूमिका में है। गृह मंत्रालय जैसा अहम विभाग मिलने के बाद पार्टी विधानसभा अध्यक्ष पद भी चाहती है। गयाजी से नौ बार के विधायक और वरिष्ठ नेता प्रेम कुमार को बीजेपी का प्रमुख दावेदार माना जा रहा है। मंत्रिमंडल में शामिल न किए जाने के बाद उनके नाम की चर्चा और तेज हो गई है।

पिछले दो बार—2020 और 2024—दोनों में ही विधानसभा अध्यक्ष बीजेपी से थे। ऐसे में पार्टी इस परंपरा को जारी रखने की कोशिश में है। विधान परिषद में भी स्पीकर बीजेपी के एमएलसी अवधेश नारायण सिंह ही हैं।

Speaker’s post : जेडीयू का तर्क—‘पावर बैलेंस जरूरी’
इस बार मंत्रिमंडल में जेडीयू को 8 और बीजेपी को 14 मंत्री मिले हैं। गृह विभाग भी जेडीयू ने बीजेपी को सौंप दिया है। ऐसे में जेडीयू अब स्पीकर पद अपने पास रखकर सत्ता संतुलन बनाए रखना चाहती है।

नीतीश कुमार की चुप्पी, जेडीयू में कौन ले रहा है फ़ैसले? - BBC News हिंदीजेडीयू नेताओं का कहना है कि अगर दोनों सदनों में स्पीकर बीजेपी के ही होंगे तो निर्णयों पर एकतरफा नियंत्रण हो जाएगा। इसलिए विधानसभा अध्यक्ष पद जेडीयू को मिलना चाहिए।

सूत्रों के मुताबिक जेडीयू ने स्पीकर पद के लिए अपने दो-तीन वरिष्ठ विधायकों के नाम भी आंतरिक स्तर पर आगे बढ़ाए हैं।

Speaker’s post : कैबिनेट की बैठक में बनेगी तस्वीर
कैबिनेट की बैठक के बाद विशेष सत्र की तिथि तय होगी। इसके बाद प्रोटेम स्पीकर नियुक्त किया जाएगा, जो सभी विधायकों को शपथ दिलाएंगे। इसके बाद स्पीकर के लिए मतदान या सर्वसम्मति से चयन की प्रक्रिया पूरी होगी।
अब निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि एनडीए साझेदार इस पद को लेकर क्या फॉर्मूला तय करते हैं — क्या दोनों सदनों में बीजेपी का स्पीकर बनेगा या जेडीयू बैलेंस बनाकर अपनी दावेदारी मनवा लेगी।

Share The News
Share This Article
विकास कुमार खलखो एक डिजिटल पत्रकार, समाचार संपादक और SEO कंटेंट क्रिएटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में एक दशक से अधिक का अनुभव है। उन्होंने BJMC, Master of Journalism (MJ) और M.Phil. (मीडिया स्टडीज़) की डिग्री हासिल की है और दबंग दुनिया, हमर छत्तीसगढ़ योजना, हरिभूमि, सन स्टार डेली न्यूज़ और छत्तीसगढ़ की आवाज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। उन्हें हिंदी पत्रकारिता, ब्रेकिंग न्यूज़ कवरेज, SEO-फ्रेंडली कंटेंट राइटिंग, डिजिटल पब्लिशिंग, कंटेंट स्ट्रैटेजी, थंबनेल डिज़ाइन और सोशल मीडिया मैनेजमेंट में विशेष महारत हासिल है। उनका उद्देश्य सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों तक प्रभावशाली समाचार पहुँचाना और साथ ही उच्च गुणवत्ता वाला डिजिटल कंटेंट तैयार करना है।
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *