Betul News: बैतूल: मध्यप्रदेश के बैतूल जिले के भैंसदेही क्षेत्र में विद्युत ट्रांसफॉर्मर लगाने और बिजली सुविधा उपलब्ध कराने के नाम पर ग्रामीणों से कथित तौर पर लाखों रुपये लिए जाने तथा ट्रांसफॉर्मर लगाए जाने के बाद भी उन्हें चालू नहीं किए जाने का मामला सामने आया है। इस संबंध में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी भैंसदेही के अध्यक्ष पंकज (रानू) ठाकुर की ओर से पुलिस थाना भैंसदेही में शिकायत देकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और आरोप सही पाए जाने पर संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की गई है।
Betul News: शिकायत में ठेकेदार रवि भाटी, निवासी उत्तराखंड तथा उनके साथ कार्य करने वाले सुपरवाइजर उमराव ऊईके, निवासी मथानी, तहसील भैंसदेही, जिला बैतूल का उल्लेख किया गया है। हालांकि, इन आरोपों की पुलिस अथवा विद्युत विभाग की ओर से पुष्टि होना अभी बाकी है।
ट्रांसफॉर्मर लगाने और बिजली सुविधा दिलाने के नाम पर राशि लेने का आरोप
पुलिस को दिए शिकायत आवेदन के अनुसार, क्षेत्र के ग्रामीणों से विद्युत विभाग के ठेकेदार द्वारा ट्रांसफॉर्मर लगाने एवं विद्युत सुविधा उपलब्ध कराने के नाम पर राशि ली गई। ग्रामीणों को कथित रूप से आश्वासन दिया गया था कि राशि लेने के बाद ट्रांसफॉर्मर लगाए जाएंगे और उन्हें शीघ्र चालू कर विद्युत आपूर्ति शुरू कर दी जाएगी।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि काफी समय बीत जाने के बावजूद क्षेत्र में लगाए गए कई ट्रांसफॉर्मर आज तक चालू नहीं किए गए हैं। इससे ग्रामीणों को आर्थिक नुकसान उठाने के साथ ही बिजली सुविधा से भी वंचित रहना पड़ रहा है।
आवेदन में कई ग्रामीणों से राशि लेने का उल्लेख
Betul News: शिकायत में अलग-अलग ग्रामीणों से ली गई राशि का भी उल्लेख किया गया है। आवेदन में निवासी परतवाड़ा, महाराष्ट्र से अमित कामसुंदर चाणक्य से करीब 9 लाख रुपये, इसके अलावा भोगीलाल रामलाल घोटे से 3.60 लाख रुपये, रामचंद्र गोमा दहिकर से 2.25 लाख रुपये, भगवत राव मनु बारस्कर से 2.40 लाख रुपये, राजेश शाम सिंह से 1.70 लाख रुपये, संजय बरहे से 80 हजार रुपये तथा हीरा गोमा से 80 हजार रुपये लिए जाने का उल्लेख है। आवेदन के अनुसार यह राशि ठेकेदार द्वारा ग्रामीणों से ली गई और बाद में ठेकेदार के वहां से चले जाने का आरोप लगाया गया है। इन आरोपों के आधार पर शिकायत में पूरे लेन-देन, ट्रांसफॉर्मर लगाने की प्रक्रिया, विद्युत विभाग की स्वीकृति तथा लगाए गए ट्रांसफॉर्मरों की वास्तविक स्थिति की जांच की मांग की गई है।
जांच के बाद दोष सिद्ध होने पर कार्रवाई की मांग
Betul News: शिकायतकर्ता ने पुलिस से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर ग्रामीणों से राशि लेने वाले संबंधित व्यक्तियों से पूछताछ की जाए। यदि जांच में ठगी अथवा धोखाधड़ी के आरोप प्रमाणित होते हैं तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई करते हुए एफआईआर दर्ज की जाए तथा ग्रामीणों से ली गई राशि वापस दिलाने की कार्रवाई की जाए। साथ ही जिन स्थानों पर ट्रांसफॉर्मर लगाए गए हैं, वहां विद्युत विभाग की टीम भेजकर भौतिक सत्यापन कराने और तकनीकी एवं विभागीय प्रक्रिया की जांच करने की मांग भी की गई है। शिकायत में ऐसे ट्रांसफॉर्मरों को शीघ्र चालू करवाकर ग्रामीणों को विद्युत सुविधा उपलब्ध कराने के लिए संबंधित विद्युत विभाग को निर्देशित करने का आग्रह किया गया है।
बैतूल जिले में पहले भी सामने आ चुका है ऐसा मामला
गौरतलब है कि बैतूल जिले में ट्रांसफॉर्मर लगाने और किसानों से राशि लिए जाने से जुड़ी शिकायतें पहले भी सामने आ चुकी हैं। फरवरी 2026 में भीमपुर क्षेत्र में किसानों से राशि लिए जाने के बावजूद ट्रांसफॉर्मर विद्युत विभाग को हैंडओवर नहीं किए जाने का आरोप सामने आया था। इस मामले में किसानों की ओर से कार्रवाई की मांग की गई थी और विद्युत कंपनी द्वारा खेतों में लगे ट्रांसफॉर्मरों की आपूर्ति बंद किए जाने की बात भी रिपोर्ट की गई थी।
विद्युत वितरण कंपनी की आधिकारिक जानकारी के अनुसार विद्युत आपूर्ति संबंधी शिकायतों के लिए उपभोक्ता निर्धारित शिकायत व्यवस्था, जिसमें 1912 कॉल सेंटर शामिल है, का उपयोग कर सकते हैं। कंपनी ने यह भी बताया है कि विद्युत संबंधी कार्यों के लिए अधिकृत प्रक्रिया एवं संबंधित विद्युत कार्यालय से संपर्क किया जाना चाहिए।
अब जांच पर टिकी ग्रामीणों की उम्मीद
Betul News: शिकायत सामने आने के बाद अब मुख्य सवाल यह है कि जिन ग्रामीणों से ट्रांसफॉर्मर और बिजली सुविधा उपलब्ध कराने के नाम पर राशि लिए जाने का आरोप लगाया गया है, उनकी राशि किस प्रक्रिया के तहत ली गई, क्या संबंधित कार्य के लिए विद्युत विभाग की स्वीकृति थी, ट्रांसफॉर्मर वास्तव में किस एजेंसी द्वारा लगाए गए और उन्हें चालू क्यों नहीं किया गया। मामले में पुलिस जांच और विद्युत विभाग के दस्तावेजी सत्यापन के बाद ही आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। ग्रामीणों ने राशि वापस दिलाने के साथ-साथ लंबित ट्रांसफॉर्मरों को शीघ्र चालू कर बिजली सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है।






