Bastar News: नक्सल प्रभावित इलाकों में पहली बार शान से लहराएगा तिरंगा, 92 गांवों में होगा ऐतिहासिक ध्वजारोहण

0
27

[Nishaanebaz News] Bastar News: रायपुर। छत्तीसगढ़ में इस बार स्वतंत्रता दिवस का उत्सव बस्तर के उन दुर्गम और नक्सल प्रभावित इलाकों तक पहुंचने जा रहा है, जहां आजादी के बाद लंबे समय तक राष्ट्रीय ध्वज फहराना चुनौती बना रहा। प्रदेश सरकार और भाजपा संगठन ने ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत बस्तर के संवेदनशील क्षेत्रों में बड़े स्तर पर तिरंगा फहराने की तैयारी की है।

उप मुख्यमंत्री अरुण साव और उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने रायपुर स्थित भाजपा कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में ‘हर घर तिरंगा’ और ‘तिरंगा यात्रा’ अभियान की विस्तृत रूपरेखा साझा की। सरकार के अनुसार, अभियान का उद्देश्य राष्ट्रभक्ति की भावना को मजबूत करने के साथ बस्तर के दूरस्थ इलाकों को विकास और मुख्यधारा से जोड़ना है।

बस्तर के 92 गांवों में पहली बार फहराएगा तिरंगा

उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा के मुताबिक, इस वर्ष 15 अगस्त को बस्तर संभाग के बीजापुर के 33, सुकमा के 50 और नारायणपुर के 9 गांवों, यानी कुल 92 गांवों में पहली बार राष्ट्रीय ध्वज फहराने की तैयारी है।

CG News: लाखों महिलाओं को मिली बड़ी सौगात! महतारी वंदन योजना की आज 30वीं किस्त जारी

उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों में पहले नक्सली हिंसा और सुरक्षा चुनौतियों के कारण राष्ट्रीय पर्वों का आयोजन कठिन रहा है। अब सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होने के साथ इन इलाकों में तिरंगा फहराने और राष्ट्रीय पर्वों को उत्साह के साथ मनाने की दिशा में कदम बढ़ाए जा रहे हैं।

दुर्गम इलाकों में पहुंचेगा राष्ट्रभक्ति का संदेश

Bastar News: अरुण साव ने कहा कि ‘हर घर तिरंगा’ अभियान का उद्देश्य देश की युवा पीढ़ी को राष्ट्रभक्ति से जोड़ना, संविधान के प्रति जागरूकता बढ़ाना और सामाजिक समरसता को मजबूत करना है।उन्होंने बताया कि प्रदेश की 450 से अधिक भाजपा मंडल इकाइयों के साथ बड़े गांवों, ग्राम पंचायतों, नगरीय निकायों और विकासखंड मुख्यालयों में तिरंगा यात्राएं आयोजित की जाएंगी।

10 अगस्त को रायपुर से निकलेगी भव्य तिरंगा यात्रा

अभियान के तहत राजधानी रायपुर के मरीन ड्राइव से 10 अगस्त को सुबह 10 बजे भव्य तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। इसमें मुख्यमंत्री, मंत्री, सांसद, विधायक, विद्यार्थी, एनसीसी कैडेट्स, स्काउट्स, पूर्व सैनिक, खिलाड़ी, स्वयंसेवी संस्थाएं, धर्माचार्य और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि शामिल होंगे।यात्रा में लोग पारंपरिक वेशभूषा, वाद्य यंत्रों और विभिन्न सवारियों के साथ शामिल होकर देशभक्ति का संदेश देंगे।

बस्तर में बाइक रैली भी निकलेगी

Bastar News: विजय शर्मा ने बताया कि बस्तर के संवेदनशील क्षेत्रों को तिरंगा यात्रा के माध्यम से जोड़ने के लिए बाइक रैली भी आयोजित की जाएगी। पूवर्ती, सिलगेर और दरभा जैसे इलाकों में स्थानीय युवाओं और आम नागरिकों की भागीदारी से तिरंगा रैली निकालने की योजना है।सरकार और भाजपा संगठन का लक्ष्य है कि इस अभियान के जरिए बस्तर के युवाओं और ग्रामीणों को राष्ट्रीय पर्व से जोड़कर उनमें राष्ट्र के प्रति गौरव और सहभागिता की भावना को मजबूत किया जाए।

500 से ज्यादा स्थानों का होगा शहीदों के नाम पर नामकरण

उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बताया कि 15 अगस्त के अवसर पर बस्तर संभाग में 500 से अधिक स्थानों का नामकरण देश और प्रदेश के अमर शहीदों के नाम पर किया जाएगा। इनमें स्कूल, प्रमुख चौराहे और सामुदायिक भवन शामिल होंगे।इसके अलावा भाजपा युवा मोर्चा के कार्यकर्ता शहीद जवानों के परिवारों से मुलाकात कर उन्हें तिरंगा भेंट करेंगे। नक्सली हिंसा से प्रभावित परिवारों तक भी पहुंचने का कार्यक्रम तय किया गया है।

‘कुख्यात’ इलाकों को ‘विख्यात’ बनाने पर जोर

Bastar News: विजय शर्मा ने कहा कि जिन इलाकों की पहचान कभी नक्सली हिंसा और सुरक्षा घटनाओं के कारण ‘कुख्यात’ क्षेत्रों के रूप में होती थी, उन्हें अब विकास, शांति और राष्ट्रीय गतिविधियों से जोड़कर ‘विख्यात’ बनाने की दिशा में काम किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि बस्तर में शांति और सुरक्षा के साथ अब राष्ट्रीय पर्वों का आयोजन भी व्यापक स्तर पर हो रहा है। सरकार का प्रयास है कि बस्तर का हर गांव देश की मुख्यधारा से मजबूती से जुड़े और वहां तिरंगा पूरे सम्मान के साथ लहराए।

छत्तीसगढ़ के लाखों लोगों के लिए राहत! सरकारी राशन में अब मिलेगा बेहतर क्वालिटी का चावल, जानिए नया नियम

डिजिटल तिरंगा अभियान में भी लोगों से जुड़ने की अपील

Bastar News: अरुण साव ने नागरिकों से ‘डिजिटल तिरंगा’ अभियान में भी भाग लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोग अपने घर, दुकान, कार्यालय और संस्थानों पर तिरंगा फहराएं तथा उसकी तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर साझा करें।सरकार का मानना है कि ‘हर घर तिरंगा’ अभियान और तिरंगा यात्राओं के माध्यम से स्वतंत्रता संग्राम के बलिदानियों को याद करने के साथ युवा पीढ़ी को राष्ट्र निर्माण और संवैधानिक मूल्यों से जोड़ने का अवसर मिलेगा।

बस्तर में बदलती तस्वीर का संदेश

इस बार बस्तर के दुर्गम और पूर्व नक्सल प्रभावित इलाकों में तिरंगा फहराने की तैयारी को सरकार क्षेत्र में बदलते सुरक्षा और सामाजिक माहौल के प्रतीक के तौर पर प्रस्तुत कर रही है। 15 अगस्त को इन गांवों में राष्ट्रीय ध्वज फहराने के साथ स्वतंत्रता दिवस का उत्सव मनाने की तैयारी है, जिससे स्थानीय लोगों की राष्ट्रीय पर्वों में भागीदारी और मजबूत होने की उम्मीद है।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here