CG NEWS : रायपुर। कांग्रेस ने प्रदेश में धान खरीदी की समय-सीमा 15 दिन और बढ़ाने की मांग की है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने आरोप लगाया कि सरकार ने इस वर्ष 165 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी का लक्ष्य तय किया था, लेकिन वास्तविक खरीदी केवल 139 लाख 85 हजार मीट्रिक टन ही हो पाई। यानी लक्ष्य से करीब 25 लाख मीट्रिक टन कम धान खरीदा गया।
CG NEWS : दीपक बैज ने कहा कि प्रदेश में करीब 27 लाख किसानों का पंजीयन हुआ था, लेकिन लगभग 2.5 लाख किसान अपना धान बेचने से वंचित रह गए। इसके अलावा एग्रीस्टेक पोर्टल की तकनीकी खामियों के चलते करीब 5 लाख किसानों का पंजीयन ही नहीं हो सका। कई जगह किसानों से बिना सहमति के रकबा सरेंडर कराया गया और पहले से जारी टोकन भी निरस्त कर दिए गए, जिससे हजारों किसान धान खरीदी से बाहर हो गए।
CG NEWS : उन्होंने आरोप लगाया कि 29 जिलों में धान खरीदी कम हुई, इसके बावजूद सरकार ने जश्न मनाया। जिलावार आंकड़े जारी कर अधिकारियों और कर्मचारियों को एसएमएस के जरिए बधाई दी गई कि किस जिले में कितनी कमी आई। बैज ने सवाल उठाया कि जब लक्ष्य ही पूरा नहीं हुआ, तो बधाई किस बात की? इससे साफ है कि सरकार का इरादा शुरू से ही कम धान खरीदने का था।
CG NEWS : प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने बताया कि केवल नारायणपुर, बलरामपुर और बस्तर जिलों में पिछले साल के आसपास खरीदी हुई, जबकि शेष जिलों में 5 प्रतिशत से लेकर 32 प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई। महासमुंद, कवर्धा और कोरबा जैसे जिलों में किसानों की स्थिति बेहद खराब रही। कुछ स्थानों पर किसानों ने आत्महत्या का प्रयास किया और एक मामले में किसान की जान भी चली गई।
CG NEWS : दीपक बैज ने कहा कि कांग्रेस पार्टी मांग करती है कि सरकार विशेष अभियान चलाकर कम से कम 15 दिनों के लिए दोबारा धान खरीदी शुरू करे, ताकि शेष किसानों का धान समर्थन मूल्य पर खरीदा जा सके। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के किसानों के साथ हुए इस अन्याय के लिए सरकार को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए।











