Tikamgarh Municipality :टीकमगढ़/ संतोष कुशवाहा : टीकमगढ़ जिले में नगर पालिका अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष बयानबाजी को लेकर आये आमने सामने, एक दूसरे के प्रति शब्दों की मर्यादा की सीमा लांघी, जहां नगर पालिका अध्यक्ष अब्दुल गफ्फार उर्फ पप्पू मलिक ने नगर पालिका में नेता प्रतिपक्ष रानू खरे को बताया नगर का कलंक, तो वही नेता विपक्ष रानू खरे ने नगर पालिका अध्यक्ष को बताया दो नंबर का आदमी।
Tikamgarh Municipality :दरअसल टीकमगढ़ नगरपालिका पर कांग्रेस पार्टी का शुरुआत से कब्जा है, लेकिन कुछ दिनों पूर्व कांग्रेस पार्षदो की बगावत के बाद भाजपा पार्षदों की संख्या बल अधिक हो जाने और सत्ता का साथ होने के चलते नगर पालिका अध्यक्ष और पार्षदों के बीच किसी ना किसी बात को लेकर तनातनी मची रहती है, ऐसे में जहां नगर का विकास पूरी तरह अवरुद्ध हो चुका है, तो आम आदमी भी अपने व्यक्तिगत कामों के लिये परेशान होता रहता है, कल टीकमगढ़ नगर पालिका में परिषद की बैठक थी, जहां नगर में होने वाले कार्यो को लेकर एक बार फिर नगर पालिका अध्यक्ष और भाजपा पार्षदों के बीच कोई सहमति नहीं बन सकी और बैठक बेनतीजा रह गई,
Tikamgarh Municipality :जिसको लेकर आज भाजपा पार्षदों ने जिले के कलेक्टर को अध्यक्ष के विरुद्ध ना केवल शिकायती पत्र दिया, बल्कि भोपाल जाकर भी इस मामले की शिकायत करने की बात कही, वही इसी तनातनी के बीच टीकमगढ़ नगर पालिका अध्यक्ष अब्दुल गफ्फार खान कैमरे के सामने अपना आपा खो बैठे और गुस्से में नेता प्रतिपक्ष अभिषेक खरे उर्फ रानू पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा की हम मुंह नहीं लगना चाहते ऐसे नेताओं के, ये कलंक है हमारे शहर के हिसाब से और जो ये बात कहते है ना की अध्यक्ष जी को अनुभव नहीं है, तो ये बात सत्य है की जो अनुभव तुम्हे है वो हमें नहीं है.
Tikamgarh Municipality :हां तुम्हे ये अनुभव है की कैसे लड़कियों को उठाया जाता है और कैसे लड़कियों से पैसा कमाया जाता है, कैसे लड़कियों को चलाया जाता है और फिर उसी लड़की को घरवाली बनाया जाता है और फिर लड़की पैदा करके उसकी हत्या कर दी जाती है, यह अनुभव हमें नहीं है, कैसे गल्ला मंडी में डकैती डाली जाती है और लूट की जाती है, वो अनुभव हमें नहीं है रानु जी, वही अध्यक्ष के इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए नेता प्रतिपक्ष अभिषेक खरे उर्फ रानू का कहना है की ये आरोप निराधार व झूंठे है, उन्होंने कहा की नगर पालिका अध्यक्ष कभी नेता तो थे नहीं है.
Tikamgarh Municipality : तो माफिया, तो बातें तो ऐसे ही करेंगे, ये तो उनकी फितरत है, हमने या सभी पार्षदों ने जब जब उनसे शहर के विकास की बात की या जनहित की बात की, या पानी के बिलों के रेट कम करने की बात की हो, वो इन सब कामों को तो कर नहीं पाए, तो क्या करे बेचारे वो ऐसी बात तो कहेगें, वैसे भी जब आदमी लड़ या भिड़ नहीं पाता है या अपनी बातों को तर्क से नहीं रख पाता है, तो फिर वह आदमी आरोप प्रत्यारोप लगाता ही है, मैं पिछले 20 वर्ष से राजनीति में हूं पूरे शहर व भाजपा को पता है मेरे बारे में, मैं उनके आरोपों का कोई जवाब नहीं देना चाहता हूं.
Tikamgarh Municipality :गौरतलब है की नगर पालिका अध्यक्ष और पार्षदों की इस राजनैतिक लड़ाई के चलते जहां नगर के विकास कार्य लंबे समय से अवरुद्ध है, तो वही रखरखाव के अभाव में पूर्व में नगर में कराए गए विकाश कार्य भी धीरे धीरे धराशायी होने लगे है, कभी साफ सुथरी सड़के, सुंदर पार्क, डिवाइडर, पेड़ पौधों की हरियाली इस नगर की पहचान थी, जो वर्तमान नगर पालिका अध्यक्ष अब्दुल गफ्फार खान उर्फ पप्पू मलिक के कार्यकाल में नष्ट होने के साथ साथ अपनी पहचान खोते जा रही है।











