Vande Bharat Train Stone Pelting: वंदे भारत ट्रेन पथराव की घटना ने यात्रियों को डरा दिया। नागपुर से इंदौर जा रही वंदे भारत एक्सप्रेस पर उज्जैन के पास अचानक पथराव होने लगा। तेज आवाज और टूटते कांच की वजह से ट्रेन के अंदर अफरा-तफरी मच गई।हालांकि राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी यात्री को चोट नहीं पहुंची। रेलवे सुरक्षा बल यानी RPF ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
वंदे भारत ट्रेन पथराव की यह घटना सोमवार 25 मई की बताई जा रही है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ट्रेन जब उज्जैन रेलवे स्टेशन से करीब 200 मीटर पहले गदा पुलिया के पास पहुंची, तभी कुछ अज्ञात लोगों ने ट्रेन पर पत्थर फेंके।पथराव इतना तेज था कि ट्रेन के कई कोच के शीशे टूट गए। यात्रियों में अचानक डर और घबराहट का माहौल बन गया।
5 कोच की खिड़कियां टूटीं
वंदे भारत ट्रेन पथराव में ट्रेन के पांच कोचों को नुकसान पहुंचा है। जानकारी के अनुसार C-6, C-7, C-8, C-9 और E-1 कोच की खिड़कियों के शीशे टूट गए।घटना के बाद ट्रेन में मौजूद यात्रियों ने टूटे हुए कांच और नुकसान की तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर कीं। अब इन तस्वीरों को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है।
Read more : Indore Jansunwai Complaint: बहू की प्रताड़ना से त्रस्त बुजुर्ग दंपत्ति ने लगाई न्याय की गुहार, संपत्ति हड़पने और झूठे केस में फंसाने की धमकी का आरोप
पुलिस और RPF ने शुरू की जांच
वंदे भारत ट्रेन पथराव मामले के बाद पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल ने संयुक्त जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की पहचान के लिए आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज देखी जा रही है।इसके साथ ही इलाके में पूछताछ भी की जा रही है। RPF ने इस मामले में FIR दर्ज कर ली है और जल्द आरोपियों तक पहुंचने का दावा किया जा रहा है।
रेलवे अधिकारियों ने क्या कहा?
वंदे भारत ट्रेन पथराव पर रेलवे PRO मुकेश कुमार ने कहा कि संबंधित अधिकारी पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि घटना में सभी यात्री सुरक्षित हैं और किसी को कोई चोट नहीं आई है।वहीं RPF थाना प्रभारी नरेंद्र यादव ने कहा कि उज्जैन में वंदे भारत ट्रेन पर पथराव की यह पहली घटना है। इसलिए मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है।
रेलवे सुरक्षा को लेकर उठे सवाल
वंदे भारत ट्रेन पथराव की घटना के बाद रेलवे सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। यात्रियों का कहना है कि हाईस्पीड ट्रेनों की सुरक्षा और मजबूत की जानी चाहिए।फिलहाल जांच एजेंसियां आरोपियों की तलाश में जुटी हैं और उम्मीद की जा रही है कि CCTV फुटेज के आधार पर जल्द बड़ा खुलासा हो सकता है।









