मध्यप्रदेश में गर्मी का असर लगातार बढ़ता जा रहा है और प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में तापमान सामान्य से काफी ऊपर बना हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार पिछले 24 घंटों के दौरान कई संभागों में मौसम शुष्क रहा, जबकि कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी दर्ज की गई। हालांकि राहत बेहद सीमित रही और लू का असर कई जिलों में साफ दिखाई दिया।
खजुराहो में सबसे ज्यादा तापमान दर्ज
प्रदेश में सबसे अधिक तापमान खजुराहो में 45 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन का सबसे ऊंचा स्तर माना जा रहा है। इसके अलावा नौगांव, विदिशा, सागर और दमोह जैसे जिलों में भी तापमान 44 डिग्री के आसपास बना रहा। दूसरी ओर, पचमढ़ी में सबसे कम न्यूनतम तापमान 14.6 डिग्री दर्ज किया गया, जिससे तापमान में बड़ा अंतर देखने को मिला।
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लू और तेज हवाओं का अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने विदिशा, रायसेन, नरसिंहपुर, झाबुआ, रतलाम, सागर और दमोह सहित कई जिलों में लू चलने की चेतावनी दी है। इसके अलावा ग्वालियर, मुरैना, भिंड और शिवपुरी में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं और आंधी चलने की संभावना जताई गई है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ हल्की बारिश भी हो सकती है।
भोपाल में आंशिक राहत के संकेत
राजधानी भोपाल में 28 अप्रैल को आंशिक बादल छाए रहने का अनुमान है। यहां अधिकतम तापमान 43 डिग्री और न्यूनतम तापमान 26 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है। हवा की गति 18 से 20 किलोमीटर प्रति घंटे रह सकती है, जिससे गर्मी के बीच हल्की राहत महसूस हो सकती है।
तापमान में गिरावट की उम्मीद
मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों में तापमान में ज्यादा बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद धीरे-धीरे करीब 2 डिग्री तक गिरावट आ सकती है। इससे लोगों को थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
आम जनता और किसानों के लिए सलाह
तेज गर्मी और लू से बचाव के लिए मौसम विभाग ने लोगों को पर्याप्त पानी पीने, दोपहर के समय बाहर निकलने से बचने और हल्के कपड़े पहनने की सलाह दी है। बच्चों, बुजुर्गों और बीमार व्यक्तियों का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। वहीं किसानों को फसलों और पशुओं की देखभाल के लिए जरूरी सतर्कता बरतने की हिदायत दी गई है।
बढ़ती गर्मी से जनजीवन प्रभावित
लगातार बढ़ते तापमान के कारण प्रदेश में जनजीवन प्रभावित हो रहा है। सड़कों पर आवाजाही कम हो रही है और लोग तेज धूप से बचने के लिए घरों में रहने को मजबूर हैं। आने वाले दिनों में मौसम की स्थिति पर नजर बनाए रखना जरूरी होगा।











