ujjain News : उज्जैन/राजेश व्यास। जीवाजीगंज थाना पुलिस ने एक ऐसे शातिर गिरोह का पर्दाफाश किया है जो फर्जी दस्तावेजों के आधार पर दोपहिया वाहनों का फाइनेंस करवाकर उन्हें पहले बेचता था और फिर उन्हीं वाहनों को चोरी कर पुनः बाजार में बेच देता था। इस गैंग के 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और पुलिस ने अब तक 34 में से 13 वाहनों को जप्त कर लिया है।
ujjain News : गिरोह की करतूत का खुलासा तब हुआ जब फरियादी आवेश पिता अयूब खान, निवासी ढाबा रोड, ने वाहन चोरी की शिकायत दर्ज कराई। उसने बताया कि उसने दो दिन पहले ही जो बाइक खरीदी थी, वह चोरी हो गई। पुलिस ने जब इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो तीन युवक बाइक चोरी करते नजर आए। फरियादी ने इन युवकों को पहचान लिया, जिनकी पहचान जीशान, इमरान और मोंटू रघुवंशी के रूप में हुई, ये सभी गाड़ी बेचने वाले जावेद के साथी हैं।
ujjain News : पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ कि गिरोह ने अब तक 34 दोपहिया वाहन फाइनेंस कराए हैं। वे ऐसे लोगों के नाम पर गाड़ियां फाइनेंस कराते थे जो नशे की लत के शिकार या आर्थिक रूप से कमजोर होते थे। आरोपियों ने इन लोगों को कुछ पैसे का लालच देकर उनके दस्तावेज हासिल किए और बैंक एजेंट की मिलीभगत से फर्जी लोन स्वीकृत करवा लिया।
ujjain News : वाहन फाइनेंस होते ही ये लोग उसे तुरंत बेच देते थे और फिर कुछ दिनों बाद चोरी कर लेते थे। चोरी के बाद ये वाहन दूर-दराज के क्षेत्रों में औने-पौने दामों पर दोबारा बेच दिए जाते थे।
ujjain News : एसपी प्रदीप शर्मा ने बताया कि इस फर्जीवाड़े में बैंक एजेंट की भूमिका भी संदिग्ध है, जिस पर भी जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी। पुलिस फिलहाल गिरोह से पूछताछ कर रही है और बाकी वाहनों की बरामदगी की प्रक्रिया जारी है।











