बीजिंग : चीन के तिब्बत क्षेत्र में माउंट एवरेस्ट के पूर्वी हिस्से (कर्मा घाटी) पर अचानक आए भीषण बर्फीले तूफान में करीब 1,000 ट्रेकर्स फंस गए। यह घटना तब हुई जब चीन में ‘नेशनल डे हॉलिडे’ चल रहा था और ट्रेकिंग के लिए अक्टूबर का महीना, जिसे आमतौर पर सबसे सुरक्षित माना जाता है, शुरू हुआ था। शुक्रवार शाम से शुरू हुई असामान्य भारी बर्फबारी और बारिश के बाद तिब्बत की कर्मा घाटी, जिसकी औसत ऊंचाई 4,200 मीटर ( फीट) है, में तापमान शून्य से नीचे चला गया, जिससे हाइपोथर्मिया का गंभीर खतरा पैदा हो गया।
अचानक बदला मौसम: ट्रेकर्स को हाइपोथर्मिया का खतरा
ट्रेकिंग के लिए गए पर्यटकों ने इस अचानक हुए मौसम परिवर्तन पर हैरानी जताई। ट्रेकर एरिक वेन ने रॉयटर्स को बताया कि हर मिनट में टेंट पर जमी बर्फ को हटाना पड़ रहा था ताकि टेंट गिर न जाए, और सोना लगभग असंभव था। एक अन्य ट्रेकर, चेन्ग गेशुआंग, ने पहाड़ों में अत्यधिक गीली ठंड और हाइपोथर्मिया के वास्तविक खतरे की पुष्टि की। उन्होंने कहा कि उनके गाइड ने भी अक्टूबर में कभी ऐसा अचानक आया मौसम नहीं देखा था, जो इस घटना को जलवायु परिवर्तन के असामान्य संकेत के रूप में पुष्ट करता है। इस बेमौसम तूफान ने एवरेस्ट क्षेत्र की यात्रा को बाधित कर दिया और बड़े पैमाने पर इमरजेंसी रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू करना पड़ा।
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रेस्क्यू ऑपरेशन: 350 सुरक्षित, ग्रामीणों ने दिया सहारा
आपदा की सूचना मिलते ही स्थानीय सरकार ने तुरंत बचाव कार्य शुरू किया। सैकड़ों ग्रामीणों और रेस्क्यू टीमों को फंसे लोगों को निकालने के लिए तैनात किया गया। इन टीमों ने बर्फ से अवरुद्ध हो चुके रास्तों को साफ करने का काम किया। चीनी सरकारी मीडिया सीसीटीवी के अनुसार, अब तक लगभग 350 ट्रेकर्स को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया है, जिनमें से अधिकांश को पास के छोटे कस्बे कुदांग ले जाया गया है। बाकी 200 से अधिक फंसे हुए ट्रेकर्स से भी संपर्क स्थापित कर लिया गया है, और उन्हें निकालने का काम युद्धस्तर पर जारी है। सकुशल बचे ट्रेकर्स को गाँव पहुँचने पर ग्रामीणों ने चाय और भोजन देकर बड़ी मानवीय सहायता दी।
नेपाल में भी भारी तबाही: 47 से अधिक की मौत
जिस समय तिब्बत के एवरेस्ट क्षेत्र में बर्फीला तूफान आया, ठीक उसी समय हिमालय के दक्षिण में पड़ोसी देश नेपाल में भी भारी बारिश ने कहर बरपाया। शुक्रवार से जारी भूस्खलन और अचानक आई बाढ़ के कारण सड़कें बंद हो गईं और पुल बह गए। नेपाल में इस प्राकृतिक आपदा से कम से कम 47 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें पूर्वी इलाम जिले में हुए लैंडस्लाइड्स की वजह से हुई मौतें प्रमुख हैं। नेपाल सेना और पुलिस की टीमें विभिन्न क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई हैं।
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एवरेस्ट की यात्रा पर रोक
इस असामान्य और खतरनाक मौसम को देखते हुए, तिंगरी काउंटी टूरिज्म कंपनी ने सुरक्षा और सावधानी को प्राथमिकता देते हुए शनिवार देर रात से पूरे एवरेस्ट साइटिंग एरिया का एक्सेस निलंबित कर दिया है और टिकटों की बिक्री पर रोक लगा दी है। यह घटना हिमालयी क्षेत्र में ट्रेकिंग करने वालों के लिए एक गंभीर चेतावनी है कि प्रकृति के बदलते मिजाज के सामने, सुरक्षित माने जाने वाले मौसम में भी खतरा कभी भी उत्पन्न हो सकता है।













