त्योहार पर मिठाई के बिना मेहमाननवाजी अधूरी लगती है। बाजार से डिब्बे वाली मिठाई लाने के बजाय इस बार घर पर ही रसगुल्ले तैयार कर सकते हैं। इन्हें बनाने के लिए सिर्फ 2 लीटर फुल क्रीम दूध और रसोई में आसानी से मिलने वाली कुछ चीजों की जरूरत होगी। सही तरीके से छेना तैयार किया जाए और चाशनी में रसगुल्लों को पर्याप्त जगह मिले, तो वे अच्छी तरह फूलते हैं और नरम बनते हैं।
रसगुल्ले बनाने के लिए सामग्री
2 लीटर फुल क्रीम दूध, 3 से 4 बड़े चम्मच नींबू का रस या सफेद सिरका, 3 से 4 कप चीनी और 4 से 5 कप पानी लें। नींबू के रस या सिरके को इस्तेमाल करने से पहले बराबर मात्रा में पानी मिलाकर पतला कर लें। खुशबू के लिए इलायची पाउडर या थोड़ा केवड़ा जल रख सकते हैं।
दूध फाड़कर तैयार करें छेना
सबसे पहले भारी तले वाले बर्तन में दूध गर्म करें। उबाल आने पर गैस बंद कर दें और इसे 2 से 3 मिनट ठंडा होने दें। अब पतला किया हुआ नींबू का रस थोड़ा-थोड़ा डालते हुए दूध चलाएं। जब दूध फट जाए और हरे रंग का पानी अलग दिखने लगे, तो नींबू डालना बंद कर दें।
अब फटे दूध को मलमल के कपड़े में छान लें। छेने को ठंडे पानी से धोएं, ताकि नींबू का खट्टापन निकल जाए। कपड़े को बांधकर अतिरिक्त पानी निकाल दें। ध्यान रहे कि छेना पूरी तरह सूखा न हो, उसमें थोड़ी नमी बनी रहनी चाहिए।
छेना मसलने से आएगी स्पंजी बनावट
छेने को बड़ी थाली में निकालकर हथेली के पिछले हिस्से से करीब 7 से 8 मिनट तक अच्छी तरह मसलें। जब वह चिकना और मुलायम हो जाए, तो समझें कि रसगुल्ले बनाने के लिए तैयार है। अब इसके छोटे हिस्से लेकर बिना दरार वाली गोलियां बना लें। गोलियां एक जैसी रखें, ताकि वे चाशनी में समान रूप से पक सकें।
उबलती चाशनी में पकाएं रसगुल्ले
एक चौड़े बर्तन में चीनी और पानी डालकर तेज आंच पर उबालें। चाशनी को गाढ़ा या तार वाला नहीं बनाना है। जब इसमें अच्छी तरह उबाल आने लगे, तो रसगुल्लों की गोलियां एक-एक करके डालें। बर्तन को ढककर मध्यम-तेज आंच पर करीब 12 से 15 मिनट पकाएं। रसगुल्ले फूलकर लगभग दोगुने हो जाएंगे। ध्यान रखें कि बर्तन में उनके फूलने के लिए पर्याप्त जगह हो।
ठंडा होने के बाद करें सर्व
रसगुल्लों को चाशनी में ही ठंडा होने दें, इसके बाद इन्हें इलायची या केवड़े की हल्की खुशबू के साथ परोस सकते हैं। घर में बने ताजे रसगुल्ले त्योहार की मिठास बढ़ा देंगे।