रायपुर, छत्तीसगढ़ : हड़ताल पर अड़े NHM कर्मचारी : पिछले एक महीने से हड़ताल कर रहे छत्तीसगढ़ के राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के संविदा कर्मचारियों का आंदोलन अब बड़ा रूप ले रहा है। झारखंड के चिकित्साकर्मी संघ ने भी इन कर्मचारियों का समर्थन करते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा को एक पत्र लिखा है, जिसमें केंद्र सरकार से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की गई है।
हड़ताल पर अड़े NHM कर्मचारी : क्या है पूरा मामला?
छत्तीसगढ़ के 16 हजार NHM कर्मचारी अपनी 10 सूत्रीय मांगों को लेकर 18 अगस्त 2025 से हड़ताल पर हैं। कर्मचारियों का कहना है कि राज्य सरकार ने उनकी मांगों को पूरा करने का आश्वासन तो दिया, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। इसके बजाय, सरकार ने संघ के प्रमुख पदाधिकारियों को बर्खास्त कर दिया और मंगलवार तक काम पर न लौटने पर नए कर्मचारियों की नियुक्ति का अल्टीमेटम जारी किया है।
हड़ताल पर अड़े NHM कर्मचारी
झारखंड के चिकित्साकर्मी संघ ने अपनी शिकायत में इस कदम को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के कर्मचारी लंबे समय से अपनी मांगों पर सरकार का ध्यान खींचने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल रहा है।
झारखंड से भी मिला समर्थन
झारखंड के चिकित्साकर्मी संघ ने अपने पत्र में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री से अनुरोध किया है कि वे इस मामले में व्यक्तिगत रूप से पहल करें और छत्तीसगढ़ सरकार को कर्मचारियों की मांगों का समाधान करने के लिए आवश्यक निर्देश दें।
संघ ने यह भी चेतावनी दी है कि यदि केंद्र सरकार ने इस मामले में कोई कदम नहीं उठाया, तो झारखंड के NHM और झारखंड स्टेट एड्स कंट्रोल सोसायटी (JSACS) के कर्मचारी भी इस आंदोलन में शामिल हो जाएंगे। यह साफ है कि छत्तीसगढ़ के संविदा कर्मचारियों का यह आंदोलन अब एक राष्ट्रीय मुद्दा बनता जा रहा है।













