NH-44 Illegal Construction : दतिया (सुरेश बघेल)। दतिया जिले में अवैध अतिक्रमण और नियमों के विरुद्ध हो रहे निर्माण कार्यों के खिलाफ प्रशासन ने मोर्चा खोल दिया है। कलेक्टर स्वप्निल वानखेड़े के कड़े निर्देशों के बाद गोराघाट क्षेत्र में मंगलवार सुबह भारी पुलिस बल की मौजूदगी में प्रशासनिक अमले ने अतिक्रमण हटाने की बड़ी कार्रवाई की। इस दौरान इंदरगढ़ रोड पर सड़क किनारे किए गए अवैध कब्जों को जेसीबी की मदद से ढहा दिया गया।
चेतावनी के बाद भी नहीं चेते अतिक्रमणकारी तहसीलदार जगदीश घनघोरिया ने बताया कि गोराघाट क्षेत्र के अतिक्रमणकारियों को चार दिन पूर्व ही स्वेच्छा से कब्जा हटाने के निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद जब निर्माण नहीं हटाए गए, तो मंगलवार सुबह 11 बजे राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम मौके पर पहुँची। तहसीलदार के साथ पटवारी धर्मेंद्र रावत, सेक्रेटरी विश्वामित्र शर्मा और सरपंच राकेश बंशकार की मौजूदगी में कार्रवाई को अंजाम दिया गया।
हाईवे-44 के किनारे बने अवैध निर्माणों की जांच कार्रवाई के दौरान तहसीलदार जगदीश घनघोरिया ने नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) के अधिकारियों के साथ ग्वालियर-झांसी नेशनल हाईवे-44 का भी निरीक्षण किया। जांच में पाया गया कि कई रसूखदारों ने हाईवे की गाइडलाइन का उल्लंघन करते हुए सड़क से मात्र 10 मीटर के दायरे में ही भवन निर्माण कर लिए हैं। एनएचएआई के नियमों के अनुसार, ग्रामीण क्षेत्रों में हाईवे से निर्धारित दूरी छोड़ना और संबंधित विभागों से एनओसी लेना अनिवार्य है।
दो दिन का अल्टीमेटम: खुद हटा लें वरना चलेगा बुलडोजर प्रशासन ने हाईवे किनारे अवैध रूप से बने भवनों के मालिकों को दो दिन का अंतिम नोटिस जारी किया है। तहसीलदार ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि 48 घंटों के भीतर स्वयं अतिक्रमण नहीं हटाया गया, तो प्रशासन बिना किसी पूर्व सूचना के जेसीबी मशीनों से तोड़फोड़ की कार्रवाई करेगा और इसका खर्च भी संबंधित भवन मालिक से वसूला जाएगा।













