news rumour : सुकमा : शनिवार को सोशल मीडिया और कुछ मीडिया माध्यमों में यह समाचार फैलाया गया कि मराईगुड़ा ग्राम, वन परिक्षेत्र गोलापल्ली में बाघ के हमले से एक महिला की मौत हो गई। सूचना मिलने पर वन विभाग सुकमा की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जांच की।
जांच में पाया गया कि महिला किसी अज्ञात वन्यजीव को देखकर घबरा गई थी, लेकिन यह स्पष्ट नहीं था कि वह जानवर कौन था। स्थल पर बाघ या किसी अन्य बड़े शिकारी जानवर के होने का कोई प्रमाण नहीं मिला। न तो पंजों के निशान मिले, न संघर्ष के चिन्ह, और न ही किसी प्रकार का सबूत जो हमले की पुष्टि करता।
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news rumour : डीएफओ अक्षय भोंसले ने कहा, “मराईगुड़ा में बाघ के हमले की खबर पूरी तरह असत्य है। स्थल निरीक्षण और सभी तथ्यों की जांच में यह प्रमाणित हुआ कि न तो बाघ देखा गया और न ही हमले के कोई प्रमाण मिले हैं। ग्रामीण अपुष्ट सूचनाओं पर विश्वास न करें।”
वन विभाग ने क्षेत्र में नियमित गश्त बढ़ाने और ग्रामीणों को वन्यजीव सुरक्षा और सचेत रहने के लिए जागरूकता कार्यक्रम चलाने के निर्देश दिए हैं। विभाग और जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे सतर्क रहें और किसी भी वन्यजीव की उपस्थिति की सूचना तुरंत निकटतम वन अधिकारी या वनकर्मी को दें।











