MP Cabinet Decisions : भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों, पेंशनर्स और युवाओं के लिए सौगातों की झड़ी लगा दी गई है। सरकार ने 12 लाख कर्मचारियों और पेंशनर्स के महंगाई भत्ते (DA) में 3% की बढ़ोतरी पर अंतिम मुहर लगा दी है, जिससे अब यह 55% से बढ़कर 58% हो गया है। कर्मचारियों को यह लाभ 1 जुलाई 2025 से मिलेगा, जबकि पेंशनर्स के लिए 1 जनवरी 2025 से महंगाई राहत (DR) में वृद्धि प्रभावी होगी। खास बात यह है कि पेंशनर्स को 1 जनवरी 2025 से 31 मार्च 2026 तक की एरियर राशि एकमुश्त दी जाएगी। इस निर्णय से सरकारी खजाने पर करीब 2,450 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार आएगा।
युवाओं के लिए सरकार ने ‘शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना’ को मंजूरी दी है। इसके तहत पिछड़ा वर्ग (OBC) के 4,000 युवाओं को हर साल सेना, पुलिस और होमगार्ड जैसे सुरक्षा बलों में भर्ती के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके लिए प्रदेश के 10 संभागों में विशेष प्रशिक्षण केंद्र बनाए जाएंगे। 4 महीने के इस आवासीय प्रशिक्षण के दौरान युवकों को 1,000 रुपये और युवतियों को 1,200 रुपये का स्टाइपेंड भी मिलेगा। इसके अलावा, दिव्यांग संस्थानों में कार्यरत अतिथि शिक्षकों को बड़ी राहत देते हुए उनका मानदेय 9,000 रुपये से सीधे दोगुना कर 18,000 रुपये प्रति माह कर दिया गया है।
तकनीक और सुशासन के क्षेत्र में मध्य प्रदेश अब ‘स्टेट AI मिशन’ शुरू करने जा रहा है। कैबिनेट ने प्रदेश में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के जरिए कृषि, स्वास्थ्य और आपदा प्रबंधन को स्मार्ट बनाने के मिशन को मंजूरी दी है। यह मिशन चरणबद्ध तरीके से लागू होगा, जिसका लक्ष्य 2028 तक शासन व्यवस्था में AI को स्थायी रूप से स्थापित करना है। इसके साथ ही, आंगनबाड़ी के बच्चों के लिए पूरक पोषण आहार की राशि 8 रुपये से बढ़ाकर 12 रुपये प्रतिदिन कर दी गई है। रीवा क्षेत्र के लिए ‘महाना माइक्रो सिंचाई परियोजना’ को भी स्वीकृति दी गई है, जिससे 8 गांवों को सीधा लाभ मिलेगा।
कैबिनेट के फैसलों की जानकारी देते हुए मंत्री चैतन्य काश्यप ने बताया कि सरकार 6,940 करोड़ रुपये की विभिन्न परियोजनाओं को निरंतर जारी रखेगी। बैठक में कुल 20 एजेंडों पर चर्चा हुई, जिनमें इंदौर जल प्रदूषण मामले में न्यायिक जांच आयोग का गठन और कुपोषित बच्चों के लिए ‘पोषण 2.0’ के तहत अतिरिक्त बजट जैसे महत्वपूर्ण विषय शामिल रहे। कर्मचारियों को बढ़ा हुआ वेतन और एरियर अप्रैल माह से मिलना शुरू हो जाएगा, जिससे प्रदेश के साढ़े सात लाख कर्मचारी और साढ़े चार लाख पेंशनर्स सीधे लाभान्वित होंगे।











