MP Weather: भोपाल। मध्य प्रदेश में एक बार फिर मानसून सक्रिय होने के संकेत मिल रहे हैं। प्रदेश में 23 सितंबर से बारिश का नया दौर शुरू होने की संभावना है। बंगाल की खाड़ी में बन रहे नए मौसम सिस्टम के प्रभाव से 24 सितंबर से मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। मौसम विभाग ने कुछ जिलों में भारी बारिश की संभावना जताते हुए अलर्ट जारी किया है।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक बंगाल की खाड़ी में बन रहा कम दबाव का क्षेत्र आगे बढ़ने के साथ मजबूत हो सकता है। इसके प्रभाव से मध्य प्रदेश में नमी बढ़ेगी और कई इलाकों में बादल छाने के साथ तेज बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। ऐसे में आने वाले दिनों में एक बार फिर प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का असर दिखाई देने की संभावना है।
बंगाल की खाड़ी में बन रहा नया सिस्टम
मौसम विज्ञानियों के अनुसार 21 सितंबर को बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र सक्रिय होने की संभावना है। इसके बाद 22 सितंबर को यह सिस्टम और मजबूत होकर डिप्रेशन में बदल सकता है। जैसे-जैसे यह सिस्टम आगे बढ़ेगा, इसका असर मध्य प्रदेश के मौसम पर भी दिखाई देने लगेगा।23 सितंबर से प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बढ़ने और 24 सितंबर से कई इलाकों में तेज बारिश होने की संभावना जताई गई है। सिस्टम के प्रभाव से प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बादल सक्रिय रहेंगे और कई स्थानों पर बारिश का दौर देखने को मिल सकता है।
इन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने 24 सितंबर से प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है। खासतौर पर विंध्य, महाकौशल और नर्मदापुरम संभाग के कई जिलों में मौसम ज्यादा सक्रिय रह सकता है।भारी बारिश की संभावना वाले जिलों में छतरपुर, सतना, दमोह, डिंडोरी, सिवनी, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा शामिल हैं। इन क्षेत्रों में तेज बारिश के साथ स्थानीय स्तर पर जलभराव जैसी स्थिति भी बन सकती है।
इसके अलावा नर्मदापुरम, बैतूल और हरदा में भी तेज से मूसलाधार बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अलर्ट के बाद संबंधित जिलों में प्रशासन और लोगों को मौसम की स्थिति पर नजर रखने की जरूरत होगी।
फिर बढ़ेगी मानसून की रफ्तार
मध्य प्रदेश में पिछले कुछ समय से बारिश की गतिविधियों में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। अब नए मौसम सिस्टम के सक्रिय होने से एक बार फिर मानसून की रफ्तार बढ़ने की संभावना है।बारिश का नया दौर किसानों के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि तेज बारिश की स्थिति में खेतों में पानी भरने और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है। ऐसे में मौसम विभाग के स्थानीय पूर्वानुमान और चेतावनियों पर नजर रखना जरूरी होगा।
90.9 प्रतिशत पूरा हुआ बारिश का कोटा
इस मानसून सीजन में मध्य प्रदेश में अब तक सामान्य बारिश का बड़ा हिस्सा पूरा हो चुका है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में सीजन की औसत बारिश का 90.9 प्रतिशत कोटा पूरा हो चुका है।राज्य में अब तक औसतन करीब 33.9 इंच बारिश दर्ज की जा चुकी है। अब 23 सितंबर से सक्रिय होने वाले नए मौसम सिस्टम से बारिश का आंकड़ा और बढ़ने की संभावना है। इससे मानसून सीजन की कुल बारिश सामान्य आंकड़े के और करीब पहुंच सकती है।
24 सितंबर से बढ़ेगा बारिश का असर
फिलहाल मौसम विभाग की नजर बंगाल की खाड़ी में बनने वाले सिस्टम की गतिविधियों पर बनी हुई है। सिस्टम की दिशा और तीव्रता के आधार पर मध्य प्रदेश में बारिश का प्रभाव कम या ज्यादा हो सकता है।ऐसे में 23 सितंबर से मौसम में बदलाव और 24 सितंबर से कई जिलों में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। खासकर भा






