Thursday, September 24, 2026
Home Crime Khandwa News: खंडवा में पटवारी पर बड़ा फर्जीवाड़े का आरोप, 51 पट्टे...

Khandwa News: खंडवा में पटवारी पर बड़ा फर्जीवाड़े का आरोप, 51 पट्टे अपने और पत्नी के नाम कराने के बाद सस्पेंड

 Khandwa News:खंडवा। मध्य प्रदेश के खंडवा जिले से सरकारी जमीन और आवासीय पट्टों से जुड़ा एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। कोलगांव में तत्कालीन पटवारी राजेश मंडलोई पर पद का दुरुपयोग करते हुए अपने और अपनी पत्नी के नाम बड़ी संख्या में पट्टे दर्ज कराने के आरोप लगे हैं। जांच में पटवारी के नाम 48 और उनकी पत्नी मनीषा मंडलोई के नाम 3 पट्टे दर्ज पाए गए। कुल 51 पट्टों को लेकर मामला सामने आने के बाद प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए पटवारी को निलंबित कर दिया है।

यह मामला प्रदेश में शुरू हुई ‘स्वामित्व भू-अधिकार निष्पादन एवं पंजीयन योजना-2026’ से जुड़ा बताया जा रहा है। योजना का उद्देश्य ग्रामीण आबादी क्षेत्र में पात्र परिवारों को निशुल्क आवासीय भू-अधिकार और रजिस्ट्री उपलब्ध कराना है। योजना के तहत रिकॉर्ड तैयार करने और पात्र लोगों को अधिकार दिलाने की प्रक्रिया के बीच कोलगांव में सामने आए इस मामले ने प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

935 पट्टों में 51 पट्टे पटवारी परिवार के नाम

मामले का खुलासा खंडवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष उत्तम पाल सिंह द्वारा दस्तावेजों के आधार पर किए जाने की बात सामने आई है। उनके मुताबिक कोलगांव में कुल 935 आवासीय पट्टे जारी किए गए हैं। इनमें से 48 पट्टे तत्कालीन पटवारी राजेश मंडलोई के नाम और 3 पट्टे उनकी पत्नी मनीषा मंडलोई के नाम दर्ज पाए गए।पटवारी की जिम्मेदारी गांव की जमीन और उससे जुड़े राजस्व रिकॉर्ड को संभालने की होती है। ऐसे में एक ही परिवार के नाम इतनी बड़ी संख्या में पट्टे दर्ज होने की जानकारी सामने आने के बाद मामले ने गंभीर रूप ले लिया।

Read More: MP News: वेयरहाउस संचालकों से रिश्वत मांगने के आरोप में दो अधिकारी सस्पेंड, शिवराज सिंह चौहान ने लिया एक्शन

सार्वजनिक जमीन भी रिकॉर्ड में चढ़ाने का आरोप

मामले की जांच में सार्वजनिक उपयोग की जमीनों को लेकर भी सवाल उठे हैं। गांव के निवासी शुभम तोमर की शिकायत का हवाला देते हुए बताया गया कि उनके घर के पीछे खाली मैदान और एक सार्वजनिक बावड़ी मौजूद है। स्वामित्व योजना के रिकॉर्ड की जांच में कथित तौर पर इस हिस्से का पट्टा भी तत्कालीन पटवारी राजेश मंडलोई के नाम दर्ज मिला।

इसके अलावा बस स्टैंड पर बने आरसीसी छत वाले सार्वजनिक चबूतरे और ग्रामीण बलिराम के खसरा नंबर 530 में दर्ज रहवासी मकान का रिकॉर्ड भी पटवारी के नाम दर्ज होने की बात जांच में सामने आई।

वर्तमान पटवारी की जांच में सामने आए तथ्य

मामले की शिकायत और दस्तावेज सामने आने के बाद खंडवा कलेक्टर ऋषभ गुप्ता ने जांच के निर्देश दिए। इसके बाद वर्तमान पटवारी राकेश पटेल ने संबंधित राजस्व रिकॉर्ड और दस्तावेजों की जांच की।

जांच के दौरान कई ऐसे रिकॉर्ड सामने आने की जानकारी दी गई, जिनमें सरकारी अथवा सार्वजनिक उपयोग की जमीनों के साथ ग्रामीणों की संपत्तियों के पट्टे भी पटवारी और उनकी पत्नी के नाम दर्ज बताए गए हैं। बड़ी संख्या में पट्टों का एक ही परिवार के नाम होना जांच का प्रमुख बिंदु बना।

Read More: MP News: भिंड में चलती ई-स्कूटी बनी आग का गोला! धुआं उठते ही कूदे युवक; चंद मिनटों में जलकर राख

कलेक्टर के निर्देश पर पटवारी निलंबित

जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद कलेक्टर ऋषभ गुप्ता ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्कालीन पटवारी राजेश मंडलोई के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।फिलहाल मामला जांच के दायरे में है और दस्तावेजों के आधार पर यह पता लगाया जा रहा है कि किन परिस्थितियों में ये पट्टे जारी हुए और राजस्व रिकॉर्ड में उनके नाम दर्ज किए गए। जांच पूरी होने के बाद ही पूरे फर्जीवाड़े की वास्तविक तस्वीर और इसमें किसी अन्य व्यक्ति या अधिकारी की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here