Mamata Banerjee Protest : नई दिल्ली (07 मार्च 2026): एक ओर जहां देश अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की तैयारियों में जुटा है, वहीं घरेलू रसोई गैस की कीमतों में हुई बढ़ोतरी ने आम परिवारों का गणित बिगाड़ दिया है। वैश्विक स्तर पर जारी सैन्य तनाव के बीच भारत में घरेलू सिलेंडर के दाम 60 रुपये और कमर्शियल सिलेंडर के दाम 114.5 रुपये बढ़ा दिए गए हैं। इस फैसले के बाद से आम नागरिक अपनी रसोई का बजट बिगड़ने को लेकर बेहद चिंतित हैं।
‘महंगाई मैन मोदी’ ने दिया जनता को झटका
• मोदी सरकार ने घरेलू LPG सिलेंडर के दाम सीधे 60 रुपये बढ़ा दिए हैं
• वहीं, कमर्शियल LPG सिलेंडर के लिए अब आपको 115 रुपए ज्यादा चुकाने होंगे
पिछले 3 महीने में कमर्शियल LPG सिलेंडर के दाम 307 रुपए बढ़ गए हैं।
नरेंद्र मोदी लगातार जनता…
— Congress (@INCIndia) March 7, 2026
विपक्ष का तीखा हमला कांग्रेस ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सीधा निशाना साधते हुए उन्हें ‘इन्फ्लेशन मैन’ (महंगाई पुरुष) करार दिया है। कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी के दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार की कथनी और करनी में अंतर है। वहीं, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बढ़ती कीमतों और गैस बुकिंग के नए नियमों (21 दिन पहले बुकिंग) को ‘जनविरोधी’ करार दिया है। उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर अपनी पार्टी की महिला विंग को सड़कों पर उतरकर शांतिपूर्ण विरोध करने और काला दिवस मनाने का आह्वान किया है।
सरकार का पक्ष विवाद के बीच भाजपा सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने बचाव करते हुए कहा कि मूल्य सूचकांक (Price Inflation Index) को देखते हुए यह बढ़ोतरी बहुत ही ‘मामूली’ है। उन्होंने विपक्ष पर केवल शोर मचाने का आरोप लगाया। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी सरकार का बचाव करते हुए कहा कि वैश्विक स्थिति के चलते उत्पन्न इस चुनौती को केंद्र सरकार बखूबी संभाल रही है, और विपक्ष द्वारा फैलाया जा रहा डर का माहौल देशहित में नहीं है।
आम जनता पर सीधा असर देश के विभिन्न हिस्सों से मिल रही रिपोर्टों के अनुसार, आम आदमी पहले ही बढ़ती महंगाई और सीमित आय के बीच पिस रहा है। दिल्ली, उत्तर प्रदेश और हिमाचल प्रदेश के निवासियों ने चिंता जताई है कि गैस की कीमतों में हुई यह वृद्धि न केवल घरेलू बजट को प्रभावित करेगी, बल्कि इससे अन्य आवश्यक वस्तुओं और परिवहन की लागत भी बढ़ सकती है। आम नागरिक अब सरकार से इस दिशा में राहत देने की मांग कर रहे हैं।











