Fake Aadhaar Card : इंदौर: मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर के मल्हारगंज थाना क्षेत्र में सोमवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब भाजपा मंडल अध्यक्ष ने 17 संदिग्ध बांग्लादेशी नागरिकों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। आरोप है कि ये सभी लोग फर्जी दस्तावेजों के सहारे शहर में रह रहे थे और एक कपड़ा कारखाने में काम कर रहे थे।
कमला नेहरू नगर के कारखाने में दी दबिश
जानकारी के अनुसार, मल्हारगंज के कमला नेहरू नगर स्थित एक कपड़े के कारखाने में लंबे समय से कुछ संदिग्धों के काम करने की सूचना मिल रही थी। इसी आधार पर भाजपा मंडल अध्यक्ष अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और इन 17 संदिग्धों को पकड़ा। इसके बाद सभी को तुरंत मल्हारगंज थाने ले जाया गया, जहां पुलिस ने उनसे पूछताछ शुरू कर दी है।
13 आधार कार्ड निकले संदिग्ध, नहीं मिला OTP
मामले में सबसे चौंकाने वाला खुलासा दस्तावेजों की जांच के दौरान हुआ। जब इन लोगों के आधार कार्ड की सत्यता की जांच करने की कोशिश की गई, तो 17 में से 13 लोगों के आधार कार्ड वेरिफाई नहीं हुए और न ही उनके लिंक मोबाइल नंबरों पर ओटीपी (OTP) प्राप्त हुआ। इससे प्राथमिक तौर पर यह आशंका जताई जा रही है कि ये आधार कार्ड फर्जी तरीके से बनवाए गए हैं।
कड़ी कार्रवाई की मांग
भाजपा मंडल अध्यक्ष ने पुलिस प्रशासन से अपील की है कि इस पूरे मामले की गहराई से जांच की जाए। उन्होंने मांग की है कि यदि ये लोग अवैध रूप से सीमा पार कर भारत आए हैं और फर्जी दस्तावेजों का सहारा लेकर शहर की सुरक्षा को खतरे में डाल रहे हैं, तो इनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए और इनके मददगारों को भी बेनकाब किया जाए। फिलहाल पुलिस सभी 17 लोगों को हिरासत में लेकर उनके मूल निवास और घुसपैठ के एंगल से तफ्तीश कर रही है।













