Saturday, August 15, 2026
Home Madhya Pradesh Indore इंदौर दशहरा विवाद : हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, महिलाओं के पुतले दहन’...

इंदौर दशहरा विवाद : हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, महिलाओं के पुतले दहन’ पर लगाई रोक….

0
118
इंदौर दशहरा विवाद
इंदौर दशहरा विवाद

इंदौर दशहरा विवाद : इंदौर। इंदौर में इस बार दशहरा (विजयादशमी) के अवसर पर होने वाले एक विवादित आयोजन को लेकर हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। राजा रघुवंशी हत्याकांड में आरोपी सोनम रघुवंशी और कुछ अन्य महिलाओं के पुतलों के दहन के प्रस्तावित कार्यक्रम पर हाईकोर्ट ने सख्त रोक लगा दी है। कोर्ट ने स्पष्ट कहा कि किसी भी महिला का पुतला दहन नहीं किया जाना चाहिए।

READ MORE : Indore Crime News : रोहन’ बनकर दोस्त बना, फिर किया दुष्कर्म, उसके बाद जो हुआ……..

इंदौर दशहरा विवाद : पौरुष संस्था के आयोजन पर रोक

दरअसल, 2 अक्टूबर को विजयादशमी के अवसर पर ‘पौरुष’ नामक संस्था द्वारा एक आयोजन किया जा रहा था। इस आयोजन में पारंपरिक रूप से रावण दहन के बजाय सोनम रघुवंशी और कुछ अन्य महिलाओं के मुखौटे वाले पुतलों को दहन करने की योजना थी।

सोनम रघुवंशी की माँ संगीता रघुवंशी ने इस पर आपत्ति जताते हुए अपने अधिवक्ता के माध्यम से मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर में एक रिट याचिका दायर की।

मौलिक अधिकारों का हनन

याचिका में अधिवक्ता जेनिथ छबलानी ने न्यायालय के समक्ष तर्क दिया कि यह प्रस्तावित आयोजन पूरी तरह से अवैधानिक है और याचिकाकर्ता (संगीता रघुवंशी), उनके पिता, और पूरे परिवार के संवैधानिक एवं व्यक्तिगत मौलिक अधिकारों का सीधा हनन है।

READ MORE : बिरनपुर चार्जशीट पर डिप्टी CM विजय शर्मा का कांग्रेस पर तंज : कम से कम CBI पर तो भरोसा हुआ…

उच्च न्यायालय ने इन तर्कों पर सहमति जताते हुए इंदौर कलेक्टर, इंदौर पुलिस कमिश्नर, और संबंधित थाना प्रभारी को सख्त निर्देश दिए कि इस प्रकार का कोई भी आयोजन किसी भी संस्था द्वारा इंदौर शहर में आयोजित नहीं किया जाना चाहिए।

पुलिस की भी थी आपत्ति

पुलिस प्रवक्ता राजेश दंडोतिया ने बताया कि संस्था द्वारा खजराना थाने में आवेदन दिया गया था। पुलिस ने संस्था को स्पष्ट निर्देश दिए थे कि केवल पारंपरिक तरीके से होने वाले रावण दहन की ही परमिशन दी जाएगी। पुलिस ने चेताया था कि अगर किसी का मुखौटा लगाकर रावण दहन किया जाएगा तो उस पर पुलिस द्वारा कानूनी कार्यवाही की जाएगी। संस्था के पूर्व के आवेदनों को भी ‘नोट रिकमेंड’ कर दिया गया था।

बहरहाल, हाईकोर्ट के हस्तक्षेप के बाद महिलाओं के मुखौटे वाले पुतलों के दहन पर अब अंतिम रोक लग गई है, जिससे विवाद समाप्त हो गया है।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here