Master Trainer Annapurna Pawar: गौरी शंकर गुप्ता/सक्ती (घरघोड़ा): वर्तमान दौर के बदलते शैक्षणिक परिवेश और आधुनिक आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए सक्ती स्थित प्रतिष्ठित संस्थान ‘गुंजन एजुकेशन सेंटर’ में एक महत्वपूर्ण शैक्षणिक पहल की गई है। संस्था के डायरेक्टर श्री नितिन सोनी की अभिनव सोच के परिणामस्वरूप शिक्षकों के व्यक्तित्व विकास, संचार दक्षता (Communication Skills) और शिक्षण कौशल उन्नयन के उद्देश्य से एक विशेष एक दिवसीय शिक्षक प्रशिक्षण कार्यशाला का भव्य आयोजन किया गया। यह कार्यशाला मुख्य रूप से प्रभावी शिक्षण में पब्लिक स्पीकिंग, आत्मविश्वासपूर्ण प्रस्तुतीकरण और सकारात्मक व्यक्तित्व विकास की भूमिका पर केंद्रित रही।
विख्यात वक्ता और मास्टर ट्रेनर अन्नपूर्णा पवार ने संभाला मोर्चा
इस विशेष कार्यशाला का संचालन मुख्य वक्ता और मास्टर ट्रेनर सुश्री अन्नपूर्णा पवार द्वारा किया गया। उल्लेखनीय है कि सुश्री पवार बलौदा बाजार जिले में अंग्रेजी विषय की व्याख्याता हैं और वर्तमान में प्रबंधन (Management) विषय में शोध कर रही हैं। शिक्षण और संचार कौशल के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर के प्रशिक्षण कार्यक्रमों से जुड़ी रहने वाली अन्नपूर्णा पवार छत्तीसगढ़ की एक सुविख्यात कवयित्री, लेखिका और स्तंभकार के रूप में भी अपनी विशिष्ट पहचान रखती हैं।
शिक्षक केवल ज्ञान प्रदाता नहीं, बल्कि कुशल मार्गदर्शक: अन्नपूर्णा पवार
प्रशिक्षण सत्र के दौरान मास्टर ट्रेनर अन्नपूर्णा पवार ने शिक्षकों को संबोधित करते हुए प्रभावी संप्रेषण, कक्षा में विद्यार्थियों की सहभागिता (Student Engagement) बढ़ाने की आधुनिक तकनीकों और प्रेरक शिक्षण पद्धतियों पर व्यावहारिक प्रकाश डाला। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि आज के बदलते दौर में शिक्षक की भूमिका केवल पाठ्यक्रम पूरा कराने या ज्ञान देने तक सीमित नहीं है; बल्कि वह एक कुशल मार्गदर्शक, मार्गप्रशस्तकर्ता, प्रेरक और एक प्रभावी संवादकर्ता भी होता है। एक शिक्षक का मजबूत और सहज व्यक्तित्व ही छात्रों को सीखने के लिए प्रेरित करता है।
25 शिक्षकों ने लिया हिस्सा, अनुभव किए साझा
इस गरिमापूर्ण और ज्ञानवर्धक कार्यशाला में संस्थान के लगभग 25 शिक्षकों ने अत्यंत उत्साह के साथ सहभागिता की। प्रशिक्षण सत्र के समापन के बाद सहभागी शिक्षकों ने अपने अनुभव साझा करते हुए इस कार्यशाला को बेहद उपयोगी, प्रेरणादायी और दैनिक शिक्षण में व्यावहारिक रूप से लागू करने योग्य बताया। शिक्षकों का मानना था कि इस प्रशिक्षण से उन्हें विद्यार्थियों के साथ बेहतर संवाद स्थापित करने, उनके मानस को समझने और सीखने-सिखाने की प्रक्रिया को अधिक रोचक व प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।
गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए प्रशिक्षण जरूरी: डायरेक्टर नितिन सोनी
संस्था के डायरेक्टर श्री नितिन सोनी ने कार्यशाला के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि किसी भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का मुख्य आधार वहां के प्रशिक्षित और विषय-विशेषज्ञ शिक्षक ही होते हैं। शिक्षकों के व्यावसायिक और व्यक्तिगत विकास को गति देने के लिए संस्था द्वारा समय-समय पर ऐसे उच्च स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम भविष्य में भी आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि छात्रों को एक बेहतर और वैश्विक स्तर का शिक्षण वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।
आज के परिवर्तनशील और प्रतिस्पर्धी शैक्षणिक दौर में शिक्षकों के कौशल विकास की दिशा में गुंजन एजुकेशन सेंटर द्वारा की गई इस पहल को क्षेत्र के शिक्षाविदों द्वारा एक सराहनीय और दूरदर्शी कदम के रूप में सराहा जा रहा है।









