रायपुर। Nishaanebaz.com-Raipur Mayor Meenal Choubey Viral Video Case Update: राजधानी रायपुर की महापौर मीनल चौबे को लेकर आपत्तिजनक शब्दों वाला वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित (वायरल) होने के मामले में पुलिसिया कार्रवाई के बीच एक नया और बड़ा मोड़ सामने आया है। मामले में नामजद आरोपी सोमा देवांगन की गिरफ्तारी के बाद अब वीडियो बनाने वाले युवक के पिता ने एक बयान जारी कर गंभीर आरोप लगाए हैं। युवक के पिता ने ‘मिरर छत्तीसगढ़’ की सीमा देवांगन पर निशाना साधते हुए दावा किया है कि मना करने के बावजूद वीडियो को दुर्भावनापूर्ण तरीके से सोशल मीडिया पर वायरल किया गया।
सोशल मीडिया पर एक वीडियो संदेश जारी करते हुए पीड़ित युवक के पिता ने पूरे घटनाक्रम पर अपना पक्ष रखा है। पिता का कहना है कि उन्होंने संबंधित लोगों से स्पष्ट शब्दों में अनुरोध किया था कि इस वीडियो को सोशल मीडिया या किसी सार्वजनिक मंच पर वायरल न किया जाए। उनके अनुसार, उनके निवेदन की पूरी तरह अनदेखी की गई और वीडियो को जबरन इंटरनेट पर फैला दिया गया, जिससे विवाद खड़ा हुआ।
रायपुर: महापौर मीनल चौबे वीडियो केस में सोमा देवांगन की गिरफ्तारी के बाद नया मोड़, युवक के पिता ने सीमा देवांगन पर लगाए आरोप।#Raipur #MeenalChoubey #CGNews #RaipurPolice pic.twitter.com/tl6P3OE80E
— Nishaanebaz.com (@nishaanebaz_com) September 5, 2026
उल्लेखनीय है कि रायपुर महापौर मीनल चौबे के खिलाफ आपत्तिजनक एवं अभद्र भाषा का प्रयोग करने वाला वीडियो सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म्स पर तेजी से प्रसारित हुआ था। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने त्वरित संज्ञान लिया और वीडियो बनाने वाले युवक तथा सोमा देवांगन के विरुद्ध धारागत अपराध दर्ज किया। इसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सोमा देवांगन को गिरफ्तार कर लिया।
सोमा देवांगन की गिरफ्तारी की खबर फैलते ही स्थानीय राजनीति भी गर्मा गई थी। गिरफ्तारी के विरोध में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सिविल लाइन थाने पहुंचकर जमकर नारेबाजी की और पुलिसिया कार्रवाई का विरोध जताते हुए प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं का आरोप था कि पुलिस एकतरफा कार्रवाई कर रही है।
मामले में अब युवक के पिता द्वारा जारी वीडियो संदेश और लगाए गए गंभीर आरोपों के बाद घटनाक्रम ने नया रूप ले लिया है। हालांकि, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि युवक के पिता द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच की जा रही है। जांच प्रक्रिया पूरी होने और फॉरेंसिक व तकनीकी साक्ष्य जुटाए जाने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।






