Sunday, September 6, 2026
Home Chhattisgarh CG News: नौकरी का दिखाया सपना, फिर बना दिया करोड़ों के खेल...

CG News: नौकरी का दिखाया सपना, फिर बना दिया करोड़ों के खेल का मोहरा! रायपुर से चौंकाने वाला मामला

Raipur Fake Company Fraud Case: रायपुर फर्जी कंपनी धोखाधड़ी मामला राजधानी रायपुर से सामने आया है, जहां एक युवक ने आरोप लगाया है कि उसे नौकरी का झांसा देकर एक निजी कंपनी का डायरेक्टर बनाया गया। बाद में उसके नाम और कथित फर्जी हस्ताक्षरों का इस्तेमाल कर कंपनी के बैंक खातों से करोड़ों रुपये विदेश भेजे गए। शिकायत के आधार पर विधानसभा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

रायपुर फर्जी कंपनी धोखाधड़ी मामला में शिकायतकर्ता संदीप सेठ ने पुलिस को बताया कि वर्ष 2023 में बेरोजगार होने के दौरान उसके मौसेरे भाई रितेश गुप्ता और एक अन्य व्यक्ति ने उसे ठाणे स्थित एक कंपनी में 50 हजार रुपये मासिक वेतन पर डायरेक्टर बनाने का प्रस्ताव दिया। शिकायत के अनुसार, कंपनी के कामकाज की पूरी जानकारी उसे कभी नहीं दी गई और दस्तावेजों पर घर भेजकर हस्ताक्षर कराए जाते रहे।

बैंक खाते खुलवाए, लेकिन मोबाइल नंबर था किसी और का
रायपुर फर्जी कंपनी धोखाधड़ी मामला में आरोप है कि बाद में शिकायतकर्ता को मुंबई ले जाकर एसबीएम बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, इंडसइंड बैंक और आरबीएल बैंक में कंपनी के खाते खुलवाए गए। उसे अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता तो बनाया गया, लेकिन बैंक खातों से किसी दूसरे व्यक्ति का मोबाइल नंबर लिंक कर दिया गया। इससे उसे खातों में होने वाले लेनदेन की जानकारी नहीं मिल सकी।
Read more: Chhattisgarh Road Accident: छत्तीसगढ़ में सड़क हादसों पर हाईकोर्ट सख्त: एक साल में 6,967 मौतों पर जताई नाराजगी, पुलिस-प्रशासन और NHAI से 10 दिन में मांगा जवाब

ED की कार्रवाई के बाद सामने आया पूरा मामला
रायपुर फर्जी कंपनी धोखाधड़ी मामला का खुलासा तब हुआ, जब 22 अप्रैल 2025 को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शिकायतकर्ता के रायपुर स्थित घर पर कार्रवाई की। पूछताछ के दौरान उसे पहली बार जानकारी मिली कि जिस कंपनी में वह डायरेक्टर था, उसके खातों से कथित तौर पर करोड़ों रुपये विदेश भेजे गए हैं। शिकायतकर्ता का आरोप है कि उसकी पहचान का दुरुपयोग कर उसे पूरे मामले में फंसाने की कोशिश की गई।

धोखाधड़ी और जालसाजी की धाराओं में FIR दर्ज
रायपुर फर्जी कंपनी धोखाधड़ी मामला में विधानसभा थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर रितेश गुप्ता और अन्य आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी, फर्जी दस्तावेज तैयार करने और आपराधिक षड्यंत्र से जुड़ी धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है।

बैंक रिकॉर्ड और ट्रांजेक्शन की होगी जांच
रायपुर फर्जी कंपनी धोखाधड़ी मामला की जांच के दौरान पुलिस बैंक खातों का रिकॉर्ड, लेनदेन का विवरण और ईडी से जुड़े दस्तावेज जुटा रही है। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि विदेश भेजी गई रकम का स्रोत क्या था, पूरे नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल थे और शिकायतकर्ता की वास्तविक भूमिका क्या थी। फिलहाल मामले में जांच जारी है और अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here