CG News : जशपुर: छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में शनिवार सुबह एक दर्दनाक और सनसनीखेज घटना सामने आई, जब जंगल की ओर गए एक बुजुर्ग ग्रामीण को हथिनी ने पटक-पटक कर मौत के घाट उतार दिया। यह हादसा पत्थलगांव वन रेंज के अंतर्गत बालाझर गांव के चोरपानी इलाके में हुआ, जहां 52 वर्षीय सालिक राम जंगल में लकड़ी बीनने गया था।
ग्रामीणों के मुताबिक, जंगल में पहले से मौजूद एक हथिनी अपने शावक के साथ डेरा जमाए हुए थी। सालिक राम का इन दोनों से आमना-सामना हो गया। इससे पहले कि वह भाग पाता, हथिनी ने उसे सूंड से उठाकर ज़मीन पर पटक दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
शव के पास तीन घंटे तक डटी रही हथिनी
घटना की जानकारी मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन हथिनी और उसका शावक शव के पास ही मौजूद रहे। आक्रोशित हथिनी के कारण शव को निकालना संभव नहीं हो पा रहा था। लगभग तीन घंटे के लंबे इंतजार के बाद विभागीय टीम शव को सुरक्षित बाहर निकाल पाई।
तात्कालिक सहायता राशि मंजूर
वन विभाग ने मृतक सालिक राम के परिजनों को तत्काल ₹25,000 की आर्थिक सहायता दी है। शव का पोस्टमॉर्टम करवाकर अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया गया।
हाई स्कूल कैंपस में भी डेरा, स्कूल किया गया बंद
इस हमले से एक दिन पहले गुरुवार की रात, यही हथिनी अपने शावक के साथ लुड़ेग हाई स्कूल कैंपस में पहुंच गई थी। छात्रों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने शुक्रवार को स्कूल बंद कर दिया।
इस दौरान वहां जमा भीड़ को हटाने जब वन विभाग की काली स्कॉर्पियो गाड़ी कैंपस में घुसी, तो हथिनी ने दौड़कर वाहन पर हमला कर दिया। उसने बोनट को क्षतिग्रस्त कर दिया, लेकिन सौभाग्य से कोई घायल नहीं हुआ।
लगातार निगरानी और रेस्क्यू की तैयारी
डीएफओ शशि कुमार ने बताया कि हथिनी अपने शावक के साथ बहुत आक्रामक हो चुकी है। ग्रामीणों को इंटरनेट, मीडिया और मुनादी के माध्यम से सतर्क किया जा रहा है।
सरगुजा जिले के रमकोना रेस्क्यू सेंटर से एक विशेष टीम बुलाई गई है, जो हथिनी को सुरक्षित रूप से घने जंगलों की ओर भेजने का प्रयास करेगी। यदि स्थिति नहीं संभली, तो ट्रैंक्यूलाइज़र (बेहोशी का इंजेक्शन) का इस्तेमाल कर काबू किया जाएगा।











