Asha Confectionery Factory Labor Protest : इंदौर। इंदौर की ‘आशा कन्फेक्शनरी फैक्ट्री’ के कर्मचारी अब अपने हक की लड़ाई के लिए सड़क पर उतर आए हैं। वेतन भुगतान न होने, पीएफ जमा न करने और फैक्ट्री संचालक द्वारा अभद्रता व मारपीट किए जाने के आरोपों को लेकर कर्मचारियों ने सोमवार को इंदौर कलेक्टर कार्यालय का घेराव किया। प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की और प्रशासन से मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग की।
संचालक और उनके बेटे पर फूटा आक्रोश प्रदर्शन में शामिल कर्मचारियों ने फैक्ट्री संचालक दीपक दरयानी और उनके बेटे संस्कार दरयानी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कर्मचारियों का दावा है कि उन्हें त्योहारों के अवसर पर भी जबरन काम पर बुलाया जाता है और छुट्टी मांगने पर अभद्रता की जाती है। सबसे बड़ी शिकायत वेतन कटौती और पीएफ (PF) जमा न करने को लेकर है। पीड़ित कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय से आर्थिक शोषण के कारण उनके परिवार भुखमरी की कगार पर पहुंच गए हैं।
सामाजिक संगठनों का मिला समर्थन इस प्रदर्शन में कर्मचारियों को कई सामाजिक संगठनों का भी साथ मिला। सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी फैक्ट्री प्रशासन की तानाशाही के खिलाफ आवाज बुलंद की। कर्मचारियों ने प्रशासन को ज्ञापन सौंपते हुए फैक्ट्री संचालक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
बाइट – शकुंतला परमार (कर्मचारी): “हमें न तो समय पर वेतन मिल रहा है और न ही हमारा पीएफ जमा किया जा रहा है। विरोध करने पर संचालक और उनका बेटा मारपीट और अभद्रता पर उतर आते हैं। हम अपनी मेहनत की कमाई के लिए लड़ रहे हैं, लेकिन हमारी कोई सुनने वाला नहीं है।”
अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी कलेक्टर कार्यालय में ज्ञापन सौंपने के बाद अधिकारियों ने उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। हालांकि, कर्मचारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने जल्द ही कोई ठोस कदम नहीं उठाया और फैक्ट्री प्रबंधन पर नकेल नहीं कसी गई, तो वे अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठने के लिए मजबूर होंगे।











