रीवा: जिले के लौर थाना क्षेत्र अंतर्गत फुलहा गांव में मवेशियों को चराने को लेकर शुरू हुआ विवाद अचानक हिंसक झड़प में बदल गया। इस घटना में 53 वर्षीय एक व्यक्ति की गंभीर चोटों के कारण मौत हो गई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक अपचारी बालक को भी निरुद्ध किया गया है।
चराई विवाद ने लिया हिंसक रूप
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार फुलहा गांव निवासी रावेंद्र प्रसाद तिवारी (53) का कुछ लोगों से मवेशियों की चराई को लेकर विवाद हो गया था। कहा जा रहा है कि विवाद बढ़ने पर आरोपियों ने लाठी-डंडों से हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के बाद परिजन उन्हें तत्काल उपचार के लिए संजय गांधी अस्पताल, रीवा लेकर पहुंचे।
Read More : M.P News : सिंगरौली में भ्रष्टाचार पर बड़ी कार्रवाई! पंचायत सचिव निलंबित, जिला पंचायत CEO का कड़ा कदम
इलाज के दौरान हुई मौत
अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में उपचार चल रहा था, लेकिन गंभीर चोटों के कारण रावेंद्र प्रसाद तिवारी ने दम तोड़ दिया। मौत की खबर मिलते ही परिवार में शोक की लहर दौड़ गई और गांव में भी तनाव का माहौल बन गया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही लौर थाना पुलिस सक्रिय हुई और मामले में शामिल विनायक साकेत (48) तथा राजकुमार साकेत (47) को गिरफ्तार कर लिया। साथ ही एक अपचारी बालक को निरुद्ध किया गया है। पुलिस ने सभी को न्यायालय में पेश कर दिया है।
अन्य आरोपियों की तलाश जारी
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। घटना में शामिल अन्य संदिग्ध व्यक्तियों की तलाश जारी है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
यह घटना ग्रामीण क्षेत्रों में छोटे विवादों के हिंसक रूप लेने की बढ़ती प्रवृत्ति को उजागर करती है, जिस पर सामाजिक स्तर पर संवाद और सतर्कता की आवश्यकता महसूस की जा रही है।













