कोलकाता : कोलकाता: पश्चिम बंगाल की राजनीति और खेल प्रशासन में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की सरकार में खेल मंत्री रहे अरूप बिस्वास ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। इस इस्तीफे के पीछे फुटबॉल स्टार लियोनेल मेसी के कोलकाता कार्यक्रम के दौरान हुई अव्यवस्था और हिंसा को प्रमुख कारण माना जा रहा है। अरूप बिस्वास ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर कहा है कि कार्यक्रम में हुई गड़बड़ियों की जांच जारी है और नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए वे पद पर बने रहना उचित नहीं समझते।
मेसी इवेंट बना इस्तीफे की वजह
हाल ही में कोलकाता में आयोजित लियोनेल मेसी से जुड़े एक भव्य कार्यक्रम के दौरान भारी अव्यवस्था देखने को मिली थी। कार्यक्रम में सुरक्षा और प्रबंधन की गंभीर खामियां सामने आईं। नाराज फैंस ने स्टेडियम के भीतर कुर्सियां और बोतलें फेंकनी शुरू कर दीं, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया। हालात काबू में करने के लिए पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा।
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तृणमूल कांग्रेस में हलचल
इस्तीफे की खबर सामने आने के तुरंत बाद तृणमूल कांग्रेस के राज्य महासचिव कुणाल घोष ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दावा किया कि अरूप बिस्वास का इस्तीफा स्वीकार कर लिया गया है। हालांकि, सरकार की ओर से अभी तक आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं की गई है। इसके बावजूद, इस घटनाक्रम ने ममता सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
आयोजनकर्ता गिरफ्तार, जांच तेज
इस पूरे मामले में पुलिस ने मुख्य आयोजनकर्ता सताद्रु दत्ता को पहले ही गिरफ्तार कर लिया है। उन पर कार्यक्रम में मिसमैनेजमेंट और सुरक्षा में लापरवाही के गंभीर आरोप हैं। फिलहाल वे 14 दिनों की पुलिस हिरासत में हैं। पुलिस का कहना है कि जांच में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।
वरिष्ठ अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस
मेसी इवेंट में हुई अफरा-तफरी के बाद राज्य सरकार ने कड़ा रुख अपनाया है। डीजीपी राजीव कुमार, बिधाननगर के सीपी मुकेश कुमार और युवा मामले एवं खेल विभाग के प्रधान सचिव राजेश कुमार सिन्हा को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इसके साथ ही डीसीपी अनीश सरकार (IPS) के खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है।
फैंस का गुस्सा और गंभीर आरोप
कार्यक्रम में पहुंचे फैंस ने आयोजकों पर गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि उन्होंने 10 से 15 हजार रुपये तक के टिकट खरीदे, इसके बावजूद वे मेसी को करीब से देख नहीं पाए। फैंस का आरोप है कि आयोजकों के करीबी लोगों को ही मेसी के आसपास रहने दिया गया, जिससे आम दर्शकों में आक्रोश फैल गया।
सरकार की जवाबदेही पर सवाल
इस पूरे घटनाक्रम ने पश्चिम बंगाल सरकार की आयोजन क्षमता, सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक जवाबदेही पर बड़ा प्रश्नचिह्न लगा दिया है। खेल मंत्री का इस्तीफा भले ही नैतिक जिम्मेदारी के तौर पर देखा जा रहा हो, लेकिन सवाल यह है कि क्या इससे सिस्टम की खामियों पर पर्दा पड़ जाएगा या सरकार ठोस सुधार करेगी?













