Thursday, May 21, 2026
31.1 C
Raipur

Bhopal News : 50 दिन बाद फिर शुरू होंगे नगर निगम के नए काम…..सूर्यवंशी का बड़ा बयान

भोपाल। नगर निगम प्रशासन का वित्त वर्ष 2024-25 का पुनरीक्षित बजट को लेकर मामला उलझता हुआ दिखाई दे रहा है। इस मामले में नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा है कि एजेंडे में प्रस्तावित बजट 2025-26 था, जिस पर सदन में चर्चा हुई और पारित हुआ।

पुनरीक्षित बजट ना ही एजेंडा में था और ना ही महापौर के भाषण में था। हालांकि पुनरीक्षित बजट के एक दो दिन में मंजूरी मिलने की बात सामने आ रही है। इस मामले में नगर निगम कमिश्नर हरेंद्र नारायण ने प्रमुख सचिव को पूरी जानकारी दे दी है। इसके बाद अब एक-दो दिन में इस पर निर्णय लिया जाएगा। इसके बाद आज या कल से निगम नए काम शुरू कर सकेगा। नगर निगम में 18 मार्च से नए कार्य की बुकिंग नहीं हुई है।

निगम परिषद बैठक में 3 अप्रैल को वित्त वर्ष 2025-26 के बजट के साथ 2024-25 का पुनरीक्षित बजट भी पेश किया गया था। इसे एमआईसी द्वारा पास किया गया था। बैठक के एजेंडे में पुनरीक्षित बजट का जिक्र नहीं था। महापौर मालती राय ने भी अपने भाषण में पुनरीक्षित बजट का जिक्र नहीं किया था।

इस आधार पर परिषद अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी ने बैठक के मिनट्स में पुनरीक्षित बजट को स्वीकृत करने से इंकार कर दिया था। हालांकि यह बात सामने आई कि परिषद बैठक से पहले हुई एमआईसी बैठक में पुनरीक्षित बजट पर भी मोहर लगाई गई थी।

कमिश्नर हरेंद्र नारायण ने एमआईसी के संकल्प के आधार पर शासन को बजट भेजकर वित्त वर्ष 2024-25 का पुनरीक्षित बजट मंजूर करने का अनुरोध किया। इसके बाद उन्होंने इस संबंध में मंगलवार को पीएस को पूरा ब्रीफ किया। उन्होंने उम्मीद जताई कि एक-दो दिन में यह मंजूर हो जाएगा।

नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी का कहना है कि महापौर मालती राय ने प्रस्तावित बजट 2025-26 शुरू किया था। एजेंडे में भी प्रस्तावित बजट 2025-26 था जिस पर सदन में चर्चा हुई और पारित हुआ। पुनरीक्षित बजट ना ही एजेंडा में था और ना ही महापौर के भाषण में था। यह बजट सदन में रखा ही नहीं गया। नियम अनुसार जो चीज सदन में नहीं आई वह पारित नहीं की जा सकती।

इसमें किसकी गलती है यह जांच का विषय है। आयुक्त को जांच के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि अगर सदन से छुपा कर अधिकारियों की कोई हस्ताक्षर करने की मंशा थी तो वैसे अधिकारियों पर कार्रवाई होगी।यह अक्षम अपराध है और ऐसा पहले कभी नहीं हुआ। अधिकारियों के भेजी फाइल में पुनरीक्षित बजट 2025-26 सम्मिलित था। 2024-25 का अगर रिवाइज्ड बजट पारित करना है तो आयुक्त को शासन के पास जाना चाहिए। पुनरीक्षित बजट केवल फाइलों में था इसके अलावा ना महापौर में के एजेंडे में था और ना ही आयुक्त थे इसके बारे में बताया था।

Share The News

Unable to load videos.

Popular News

CG Transfer Breaking : वाणिज्यिक कर विभाग में बड़ा फेरबदल, 21 कर्मचारियों का तबादला

CG Transfer Breaking :रायपुर। राज्य शासन के वाणिज्यिक कर...

Raipur Police Commissioner: IPS डॉ. संजीव शुक्ला ने संभाला पुलिस आयुक्त का पदभार… जानिए क्या कुछ कहा

Raipur Police Commissioner:रायपुर : रायपुर पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली के...

Related Articles

Popular Categories