CG BREAKING : रायपुर/दुर्ग/बिलासपुर: दुर्ग रेलवे स्टेशन से शुरू हुए कथित मानव तस्करी और धर्मांतरण के केस में गिरफ्तार की गईं कैथोलिक नन प्रीति मैरी और वंदना फ्रांसिस को बिलासपुर NIA कोर्ट से जमानत मिल गई है। ये दोनों नन पिछले 9 दिनों से दुर्ग जेल में बंद थीं।
CG BREAKING : बजरंग दल के कार्यकर्ताओं द्वारा दर्ज कराई गई FIR के बाद यह मामला लोकसभा, राज्यसभा से लेकर दिल्ली और केरल तक पहुंच गया। कई सांसदों और ईसाई संगठनों ने इसे फर्जी मामला बताते हुए विरोध जताया था। शुक्रवार को बिलासपुर NIA कोर्ट ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद आज (2 अगस्त) जमानत पर फैसला सुनाया।
CG BREAKING : इस पूरे मामले के बीच एक पीड़िता युवती ने मीडिया के सामने आकर बयान दिया कि ननों ने कोई गलत व्यवहार नहीं किया। दुर्ग में उनसे मारपीट कर जबरन बयान दिलवाया गया था।
CG BREAKING : इस केस में मानव तस्करी की गंभीर धाराएं लगाई गई थीं, जो गैर-जमानती अपराध की श्रेणी में आती हैं। हालांकि, ननों के वकील ने कोर्ट में दलील दी कि पुलिस के पास ठोस सबूत नहीं हैं और गिरफ्तारी अनुचित थी।
CG BREAKING : केरल से सांसदों का प्रतिनिधिमंडल दुर्ग जेल पहुंचा था और मुख्यमंत्री से मिलकर फर्जी केस रद्द करने की अपील भी की गई थी। मामले ने लगातार राजनीतिक और सामाजिक तूल पकड़ा हुआ है।











