CG News: रायपुर। दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बयान दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार नहीं चाहती कि प्रदर्शन के दौरान कोई ऐसी स्थिति बने, जिससे माहौल अशांत हो। मुख्यमंत्री के मुताबिक, पिछले आंदोलनों के दौरान बड़ी संख्या में असामाजिक तत्वों के शामिल होने की बात सामने आई थी। ऐसी स्थिति दोबारा न बने, इसे ध्यान में रखते हुए सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य कानून-व्यवस्था बनाए रखना और किसी भी अप्रिय स्थिति को रोकना है। दिल्ली में CJP के प्रदर्शन को लेकर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी किए जाने के बीच उनका यह बयान सामने आया है।
गन्ने की कीमत ₹355 से बढ़ाकर ₹425 प्रति क्विंटल
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कवर्धा में गन्ना किसानों के आंदोलन को लेकर भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कवर्धा गन्ना उत्पादक क्षेत्र है और किसानों की मांगों को लेकर किसान नेताओं के साथ चर्चा की गई थी।
मुख्यमंत्री के अनुसार, पहले गन्ने की कीमत ₹355 प्रति क्विंटल थी, जिसे बढ़ाकर ₹425 प्रति क्विंटल कर दिया गया है। इसके बाद किसानों ने अपना आंदोलन समाप्त कर दिया। कीमत में इस बढ़ोतरी से गन्ना उत्पादकों को राहत मिलने की उम्मीद है।
कांग्रेस के 2028 में जीत के दावे पर CM का तंज
कांग्रेस नेता चरणदास महंत के 2028 के विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करने संबंधी बयान पर मुख्यमंत्री साय ने तंज कसा। उन्होंने कांग्रेस के दावे को ‘ख्याली पुलाव’ बताते हुए कहा कि विपक्ष सपना देखता रहे।
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि एक समय पार्टी का देशभर में प्रभाव था, लेकिन अब उसकी स्थिति लगातार कमजोर हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस की कथनी और करनी में अंतर है और जनता को धोखा देने की वजह से पार्टी का जनाधार घट रहा है।
OP चौधरी ने भी CJP प्रदर्शन पर उठाए सवाल
CJP के प्रदर्शन को लेकर छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने भी बयान दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ असामाजिक तत्व विदेशी ताकतों के साथ मिलकर भारत को कमजोर करने की साजिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसी आशंकाओं को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
ओपी चौधरी ने कांग्रेस से इस मामले में जवाब देने की मांग की। उन्होंने कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी की नागरिकता और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दे पर भी सवाल उठाए। उनके बयान में लगाए गए आरोप राजनीतिक दावे हैं, जिनकी पुष्टि के लिए संबंधित तथ्यों और दस्तावेजों को देखना जरूरी है।
दिल्ली में CJP के प्रदर्शन को लेकर सुरक्षा और राजनीतिक बयानबाजी जारी है। वहीं, छत्तीसगढ़ में गन्ना किसानों के आंदोलन के समाप्त होने और आगामी चुनावों को लेकर सत्तापक्ष तथा विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी तेज है।

