रीवा [Nishanebaaz News] Rewa Fake Sweets Factory Busted। मध्य प्रदेश के रीवा शहर के हृदय स्थल में संचालित हो रहे एक बड़े अवैध एवं मिलावटी मिठाई निर्माण कारोबार का पर्दाफाश हुआ है। खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर छापा मारकर एक तबेले की आड़ में चलाई जा रही अवैध फैक्ट्री को दबोच लिया है। आगामी त्योहारों की मांग को पूरा करने के नाम पर यहां भारी पैमाने पर घातक रसायनों एवं अमानक सामग्रियों से मिठाइयां तैयार की जा रही थीं।
तबेले और गुप्त रास्ते की आड़ में मिलावट का खेल मामले की विस्तृत पृष्ठभूमि पर Rewa Food Safety Department Action के तहत जानकारी मिली है कि रानी तालाब क्षेत्र में स्थित एक मवेशी तबेले के पीछे छिपकर इस अनधिकृत कारखाने को चलाया जा रहा था। कलेक्टर रीवा के निर्देश पर संचालित ‘मिलावट से मुक्ति अभियान’ के अंतर्गत जब प्रशासनिक दल ने गुप्त मार्ग से भीतर प्रवेश किया, तो वहां का अस्वच्छ और संदेहास्पद माहौल देखकर अधिकारी भी आश्चर्यचकित रह गए।
रीवा: तबेले की आड़ में चल रही अवैध मिठाई फैक्ट्री का भंडाफोड़, खाद्य विभाग ने भारी मात्रा में नकली मिठाइयां जब्त कीं।#Rewa #FoodSafety #RewaNews pic.twitter.com/9nhTkiWz5a
— Nishaanebaz.com (@nishaanebaz_com) August 18, 2026
मावे की जगह पाम ऑयल, मैदा और ग्लूकोज का उपयोग जांच प्रक्रिया के दौरान Rewa Adulterated Sweets Raid के क्रम में यह उजागर हुआ कि बाजारों और दुकानों में शुद्ध मावे के नाम पर सप्लाई की जाने वाली सामग्री में मावे का अंश मात्र भी नहीं था। उत्पादक द्वारा मावे के स्थान पर मैदा, लिक्विड ग्लूकोज, पाम ऑयल तथा निम्न गुणवत्ता वाली शक्कर का मिश्रण कर विविध रंग-बिरंगी मिठाइयां बनाई जा रही थीं। मौके से चॉकलेट बर्फी, यलो बर्फी, वर्क वाली बर्फी, मिल्क केक एवं पेड़े की बड़ी खेप जब्त की गई।
विभागीय अधिकारियों का वक्तव्य एवं वैधानिक कार्रवाई मामले में स्थिति स्पष्ट करते हुए District Food Officer Amrish Dubey Action के तहत जिला खाद्य अधिकारी अमरीश दुबे ने बताया कि जब्त नमूनों को परीक्षण हेतु राज्य प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। जांच रिपोर्ट के आधार पर फैक्ट्री संचालक मनोज साव के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
उपभोक्ताओं की सेहत से खिलवाड़ पर शिकंजा मामले के सामने आने के बाद Rewa Crime News Fake Sweets के अंतर्गत खाद्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि आगामी त्यौहारों को देखते हुए शहर एवं ग्रामीण अंचलों में यह जांच अभियान निरंतर जारी रहेगा। अमानक और मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री कर आम जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले विक्रेताओं एवं निर्माताओं के खिलाफ सख्त वैधानिक कदम उठाए जाएंगे।





