रीवा:संजय गांधी अस्पताल में आउटसोर्स कर्मचारियों का गुस्सा फूट पड़ा। मुख्य गेट पर धरना देकर लगभग 1200 आउटसोर्स कर्मचारियों ने काम बंद कर दिया। कर्मचारियों का आरोप है कि उन्हें दो महीने से वेतन नहीं मिला, जिससे रोजी-रोटी, बच्चों की पढ़ाई और घरेलू खर्च प्रभावित हो रहे हैं।
वेतन न मिलने से उग्र आंदोलन की चेतावनी
वार्ड बॉय, सफाईकर्मी और अन्य आउटसोर्स कर्मचारियों ने कहा कि अगर जल्दी सैलरी नहीं मिली तो वे अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। कर्मचारियों का कहना है कि रोज़मर्रा की ज़रूरतें पूरी करना मुश्किल हो गया है और बिजली बिल, किराया और बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
इजायल कंपनी के खिलाफ नारेबाजी
कर्मचारियों ने प्रदर्शन के दौरान ‘इजायल’ कंपनी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उनका आरोप है कि कंपनी अपनी जिम्मेदारियों से भाग रही है और समय पर वेतन नहीं दे रही।
अस्पताल की सेवाएं प्रभावित
आउटसोर्स कर्मचारियों के प्रदर्शन के कारण अस्पताल की व्यवस्थाएं लगभग ठप हो गई हैं। वार्ड में मरीजों की देखभाल प्रभावित हो रही है और अस्पताल प्रशासन को सेवाओं को बहाल करने के लिए दबाव का सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन और कंपनी से कार्रवाई की मांग
कर्मचारी और उनके परिवारजन प्रशासन से जल्द वेतन भुगतान और समस्याओं के समाधान की मांग कर रहे हैं। अस्पताल प्रशासन ने भी मामले की गंभीरता को देखते हुए कंपनी के साथ बातचीत शुरू कर दी है।











