Sunday, August 16, 2026
Home Madhya Pradesh rewa News : 11 माह के मासूम की मौत के बाद भड़के...

rewa News : 11 माह के मासूम की मौत के बाद भड़के परिजन, पीकू में किया हंगामा, ड्यूटी डॉक्टर और सुरक्षा कर्मियों ने परिजनों के साथ की मारपीट

0
96
rewa News
rewa News

rewa News : रीवा : भले ही प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ला स्वास्थ्य व्यवस्थाओं में सुधार लाने के लिए कितनी ही मशक्कत क्यों न करने लेकिन उनके गृह जिले स्थित संभागीय संजय गांधी अस्पताल के प्रबंधन से जुड़े लोग स्वास्थ्य मंत्री की किरकिरी करने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ रहे विगत कई दिनों से गांधी मेमोरियल अस्पताल के गायनिक विभाग में वरिष्ठ चिकित्सकों द्वारा लगातार दिए जा रहे इस्तीफे के बाद हो रही प्रसुताओं की मौत और उसके बाद शुक्रवार की देर रात पीकू में हुई एक 11 माह के मासूम की मौत ने प्रबंधन पर कई सवालिया निशान खड़े किए हैं।

 

 

rewa News : मासूम की परिजन तनुजा यादव के मुताबिक लक्ष्य यादव पिता लवकुश यादव उम्र 11 माह को चाय पीठ में गिर जाने की वजह से संजय गांधी अस्पताल के बाद यूनिट में भर्ती कराया था जिसे जेलको लगाने के लिए बर्न यूनिट से पीकू भेजा गया था जब परिजन बच्चों को लेकर पीकू पहुंचे, तो उसे एक बेड में लेटाया गया, और उसे जेलको लगाने की कोशिश शुरू की गई, इस दौरान उनका बच्चा मां का दूध भी पी रहा था और वार्ड में मौजूद चिकित्सकों द्वारा लगाए जा रहे जेलको के कारण रो भी रहा था.

rewa News : इससे पूर्व बर्न यूनिट और पीकू के किसी भी चिकित्सक द्वारा यह नहीं बताया गया कि बच्चे की स्थिति नाजुक है डॉक्टर द्वारा जेलको लगाने के लगातार किए जा रहे प्रयास के दौरान बच्चे की मौत हो गई, जब हमने डॉक्टर की फोटो खींचना और उसका नाम जानने की कोशिश की तो वहां मौजूद चिकित्सकों और सुरक्षा कर्मियों ने न सिर्फ मेरे भाई के साथ मारपीट की बल्कि उनका मोबाइल भी छीन लिया, परिजनों का आरोप है कि बर्न यूनिट में भर्ती के दौरान वहां मौजूद चिकित्सकों ने हम लोगों से ब्लड की व्यवस्था करने की बात तो कही लेकिन उन्होंने अंत तक यह नहीं बताया कि उन्हें ब्लड किस ग्रुप का चाहिए इसके साथ ही परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि अस्पताल प्रबंधन ने उनके नवजात शिशु लक्ष्य यादव का फाइल में नाम बदलकर शिवम यादव कर दिया है.

 

rewa News : वही इस पूरे घटनाक्रम को लेकर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉक्टर यत्नेश त्रिपाठी ने यह तो स्वीकार किया कि बच्चा मात्र 35 फ़ीसदी जला हुआ था जो अनफॉर्चूनेटली कॉलेप्स कर गया इस दौरान मीडिया द्वारा पूछे जा रहे प्रश्नों को लेकर उपाधीक्षक ने अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही को छुपाते हुए यहां तक दावा कर दिया कि सभी मीडिया संस्थान एक पक्षीय खबर दिखाकर अस्पताल को बदनाम करने की कोशिश कर रहे है.

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here