Rewa Electricity Department : रीवा (निराला नगर): मध्य प्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी की कार्यप्रणाली एक बार फिर विवादों के घेरे में है। रीवा शहर के वार्ड क्रमांक 9, निराला नगर निवासी सेवानिवृत्त बुजुर्ग रामायण प्रसाद गौतम ने बिजली विभाग के अधिकारियों पर गंभीर प्रताड़ना और प्रतिशोध की भावना से काम करने का आरोप लगाया है।
पीड़ित रामायण प्रसाद गौतम के अनुसार, उनकी पत्नी उर्मिला मिश्रा के नाम पर विद्युत कनेक्शन है, जिसका बिल पिछले कई महीनों से विभाग द्वारा मनमाने तरीके से भेजा जा रहा था। जब बिल सुधार और मीटर बदलने की मांग पर विभाग ने सुनवाई नहीं की, तो उन्होंने सीएम हेल्पलाइन और फिर उपभोक्ता फोरम की शरण ली।
उपभोक्ता का सनसनीखेज आरोप है कि फोरम में मामला पहुँचने पर खुद को बचाने के लिए विभाग के अधिकारियों ने उनके फर्जी हस्ताक्षर कर कूट रचित (Forged) दस्तावेज तैयार किए और उन्हें फोरम में पेश कर दिया। जब इस धांधली के खिलाफ उपभोक्ता ने राज्य उपभोक्ता फोरम में अपील की, तो विद्युत मंडल के कर्मचारियों ने बिना किसी पूर्व सूचना या नोटिस के उनके घर का बिजली कनेक्शन विच्छेद कर दिया।
हैरानी की बात यह है कि रामायण प्रसाद का परिवार गंभीर बीमारियों से ग्रसित है और पिछले 48 घंटों से अंधेरे में जीवन यापन करने को विवश है। पीड़ित ने इस अन्याय की शिकायत एसडीएम, कलेक्टर और संभाग आयुक्त से की है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि विभाग की इस तानाशाही के खिलाफ वे अब उच्च न्यायालय (High Court) में याचिका दायर करेंगे।
विद्युत विभाग की यह कार्रवाई न केवल मानवीय संवेदनाओं के विरुद्ध है, बल्कि यह सीधे तौर पर न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश भी नजर आती है। अब देखना यह होगा कि जिला प्रशासन इस ‘पावर के दुरुपयोग’ पर क्या कदम उठाता है।











